बीएसएफ जवान को श्रद्धांजलि देने हज़ारों की संख्या में पहुंचे लोग

बीएसएफ जवान को श्रद्धांजलि देने हज़ारों की संख्या में पहुंचे लोग

सुशील विधानी/खंडवा। अमृतसर बीएसएफ कार्यालय परिसर में काम करते समय सीढियों से गिरकर घायल हुए खंडवा के ग्राम जामठी निवासी बीएसएफ जवान मनोज गोलकर (30) की उपचार के दौरान मौत हो गई थी। बुधवार दोपहर सेना के वाहन से शहीद का पार्थिव शरीर पैतृक गांव जामठी लाया गया, रास्ते भर पुष्प वर्षा कर शहीद सैनिक को श्रद्धांजलि दी।

बीएसएफ के अफसरों ने घटनाक्रम की जानकारी देते हुए मृतक जवान के पिता पन्नालाल गोलकर को बताया कि 23 फरवरी को जवान मनोज गोलकर कार्यालय परिसर में काम कर रहे थे। इसी दौरान सीढियों से गिरकर घायल हो गए जिससे उनके सिर में गंभीर चोट आई। उन्हें अमृतसर के अस्पताल में भर्ती कराया गया और उपचार के दौरान सोमवार रात करीब 8 बजे मनोज की मौत हो गई। घटना की जानकारी मिलते ही शाहिद सैनिक के छोटे भाई भगवान गोलकार अमृतसर पहुंचे थे। वहां से सैनिक वाहन में शहीद का शव खंडवा के बोरगांव बुजुर्ग स्थित ग्राम जामठी लाया गया।

शहीद सैनिक मनोज की अंतिम यात्रा पैतृक गांव जामठी से आरम्भ हुई, इस दौरान एसडीएम पंधाना, एएसपी खंडवा, विधायक राम दांगोरे सहित कांग्रेस नेता भी शामिल हुए। अंतिम यात्रा ग्राम बोरगांव पहुंची और उन्हें श्रद्धांलजि देने के लिये लोगों का हुजूम लगा रहा। इनमें कलेक्टर, एसपी, बीएसएफ के अधिकारी व सैनिक कल्याण बोर्ड अधिकारी भी पहुंचे।

वर्ष 2014 में बीएसएफ में हुआ था चयन
परिचितों ने बताया शहीद मनोज के माता-पिता खेती कर परिवार का भरण-पोषण करते हैं। माता-पिता ने दिनरात खेतों में मेहनत कर मनोज को पढ़ाया और बीएसएफ में भर्ती कराया था। वर्ष 2014 में मनोज का चयन बीएसएफ में हुआ था। नौकरी लगने के बाद वह श्रीनगर में पदस्थ रहे। इस दौरान श्रीनगर बार्डर पर भी तैनाती रही। करीब नौ माह पहले ही अमृतसर बीएसएफ कार्यालय में पदस्थ हुए थे। मनोज की 13 माह की बेटी है।

पंधाना विधायक राम दांगोरे ने 10 लाख की लागत से जामठी में बीएसफ जवान मनोज गोलकर का स्मारक बनाने की घोषणा की है।

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