सुशील विधानी/खंडवा। जिला कांग्रेस कार्यालय गांधी भवन में अतिकमण हटाये जाने के बाद विवाद की स्थिति उत्पन्न हो गई। कांग्रेसी नेता आपस में उलझ गए। शहर अध्यक्ष इंदलसिंह पवार नगर निगम को आवेदन दिया था, जिसके बाद नगर निगम ने गांधी भवन के समस्त होर्डिंग व बाहर लगे ठेला हटाने के निर्देश दिए। जिसक बाद कांग्रेसी नेताओं ने इसका जमकर विरोध किया। कांग्रेस के दूसरे पक्ष का कहना है की स्थाई दुकानदारों को ना परेशान किया जाए। कांग्रेसियों का कहना है की नगर निगम को गांधी भवन के बाउंड्रीवाल के सिर्फ बाहर की दुकाने या अतिक्रमण हटाने का अधिकार है। यदि गांधी भवन का अध्यक्ष आवेदन भी दे तो नगर निगम अंदर कार्रवाई नही कर सकती। ऐसे में अब खंडवा में कांग्रेस बिखराव साफ नजर आ रहा है।
अपनी ही अतिक्रमण मुहिम में उलझ गई कांग्रेस, दो खेमों में बंट गई
Written by:Gaurav Sharma
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इसलिए पं. कमलापति त्रिपाठी ने लिखा है कि," ज्ञान और विज्ञान, दर्शन और साहित्य, कला और कारीगरी, राजनीति और अर्थनीति, समाजशास्त्र और इतिहास, संघर्ष तथा क्रांति, उत्थान और पतन, निर्माण और विनाश, प्रगति और दुर्गति के छोटे-बड़े प्रवाहों को प्रतिबिंबित करने में पत्रकारिता के समान दूसरा कौन सफल हो सकता है। View all posts by Gaurav Sharma →






