
Japanese Parenting Tips : पेरेंटिंग बहुत मुश्किल काम होता है। एक बच्चे की अच्छी परवरिश उसे अच्छा मनुष्य बनने में सहायक होती है और हर कोई चाहता है कि उनके बच्चे अच्छे संस्कार सीखें। लेकिन कई बार ये समझ नहीं आता कि बच्चों को कैसे सही संस्कार दिए जाए। असल में माता पिता भी ये सीखने की प्रक्रिया में ही होते हैं कि गुड पेरेंटिंग कैसे की जाती है और अच्छी सीख जहां से मिले वहां से ले लेना चाहिए।
अपने बच्चों को बनाएं जिम्मेदार
आज हम बात करेंगे जापान की। वहां के नागरिक मूल्य बहुत उच्च हैं और वो बेहद जिम्मेदार होते हैं। उनकी विनम्रता, काम के प्रति समर्पण, सार्वजनिक स्थल पर उनका व्यवहार, सामूहिक भावना जैसी कई बातें उन्हें विशेष बनाती हैं। और ये तभी संभव हो पाता है जब बचपन से ही उन्हें ऐसी शिक्षा दी जाती है। आज हम आपके साथ जापान के कुछ ऐसे खास पेरेंटिग टिप्स बताने जा रहे हैं, जिन्हें अपनाकर आप भी अपने बच्चों में ये गुण विकसित कर सकते हैं।
जापानी पेरेंटिंग टिप्स
- हर सवाल का जवाब देना : हम इस दुनिया में काफी कुछ देख चुके होते हैं, लेकिन बच्चों के लिए ये संसार एकदम नया है। इसीलि उनमें हर चीज को लेकर कौतूहल और जिज्ञासा होती है। बच्चे हर समय सवाल करते रहते हैं और कई बार हम उनके जवाब दे देते हैं, कई बार टाल भी जाते हैं। लेकिन जापान में अभिभावक ये सुनिश्चित करते हैं कि अपने बच्चों के हर सवाल का जवाब पूरे धैर्य के साथ और सही सही दें। ये एक बड़ा कारण है कि वहां के बच्चे बुद्धिमान और रचनात्मक होते हैं।
- बड़ों बुजुर्गों के साथ अच्छा व्यवहार : जापान में बच्चों का अपने माता पिता के साथ बहुत अच्छा बॉन्ड होता है और यही बात वो अपने बच्चों को भी बचपन से सिखाते हैं। इसीलिए वहां के बच्चे अपने ग्रांड पेरेंट्स के भावनात्मक रूप से बहुत जुड़े होते हैं और उनका सम्मान करते हैं।
- धीरज रखना : बच्चे चंचल होते हैं और ये उनकी स्वाभाविक प्रवृत्ति होती है। लेकिन उन्हें धैर्य और अनुशासन सिखाना बहुत जरुरी है और जापान में माता पिता इन गुणों को अपने बच्चों में अपने व्यवहार से स्थापित करते हैं। इस तरह बच्चों में मजबूती और जिम्मेदारी का गुण विकसित होता है।
- आत्मनिर्भर बनाना : बच्चे हमपर डिपेंड होते हैं..लेकिन धीरे धीरे उन्हें अपने काम खुद करने की आदत डालना जरुरी है। वहां ये एक प्रमुख गुण माना जाता है और बच्चों को जेंडर का भेदभाव किए बिना आत्मनिर्भर होना सिखाया जाता है।
- बच्चों की बातों को सीक्रेट रखना : बच्चों का भी आत्मसम्मान होता है और उन्हें भी ठेस लगती है। हम अक्सर उत्साह में अपने बच्चों की कई ऐसी बातें भी दूसरों से साधा कर लेते हैं, जो नहीं करनी चाहिए। जापान में इस बात का बहुत ध्यान रखा जाता है और बच्चों की निजता पर फोकस रहता है। वो समझते हैं कि अगर आप उनकी हर बात दूसरों से शेयर करेंगे तो बच्चा आपपर आसानी से विश्वास नहीं कर पाएगा। इसलिए वो अपने बच्चों से जुड़ी बहुत सारी बातों को उनके हित में सीक्रेट रखते हैं।
- साफ सफाई रखना : जापान में घरों के अलावा सार्वजनिक स्थानों पर भी बहुत साफ सफाई होती है और इसमें वहां के नागरिकों का बहुत योगदान है। बच्चों को शुरु से ही साफ सफाई की आदत डाली जाती है और उन्हें बताया जाता है कि अपने घर के साथ बाहर भी सफाई रखना चाहिए।
- महान शख्सियतों के बारे में बताना : जापानी लोग अपनी जड़ों से बहुत जुड़े होते हैं और इसीलिए वो बच्चों को बचपन से ही अपने आदर्श और महान शख्सियतों की कहानियां सुनाते हैं। वहां के महान लोगों के बारे में बच्चों को बताया जाता है और कहानियों के माध्यम से उनके जीवन से सीख लेने की सलाह दी जाती है।
पत्रकारिता में स्नातकोत्तर (M.J.), 2001. 2001 से 2013 तक ईटीवी हैदराबाद, सहारा न्यूज दिल्ली-भोपाल और लाइव इंडिया मुंबई में कार्य.

