ग्वालियर में फिर चली गोली, बड़े भाई ने छोटे भाई-बहन को गोली मारकर किया घायल

ग्वालियर में फिर चली गोली, बड़े भाई ने छोटे भाई-बहन को गोली मारकर किया घायल

ग्वालियर, अतुल सक्सेना। गुरुवार का दिन ग्वालियर पुलिस (Gwalior Police) के लिए बहुत भारी रहा।  सुबह सुबह जिम संचालक की गोली मारकर हुई ह्त्या की गुत्थी सुलझाने में पुलिस आरोपियों तक पहुँचने की कोशिश में लगी थी कि शाम ढलते ढलते एक और गोली कांड हो गया।  इस बार गोली घर के अंदर चली और आरोपी फरार हो गया। आरोपी ने अपने सगे भाई बहन को ही गोली मारकर घायल कर दिया और फरार हो गया।

ग्वालियर (Gwalior News) के थाटीपुर थाना क्षेत्र में सगे भाई ने सगे छोटे भाई और बहन को गोली मार कर घायल कर दिया। घटना के पीछे पारिवारिक संपत्ति विवाद बताया जा रहा है। पुलिस ने घायल भाई-बहन को अस्पताल में इलाज के लिए भर्ती कराया है जबकि आरोपी भाई के खिलाफ हत्या के प्रयास का मुकदमा दर्ज कर उसकी तलाश शुरू कर दी है।

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घटना मुरार नदी पर टाल के पास बसे तृप्ति नगर की है। घायल बच्चों की माँ उषा शर्मा ने बताया कि उनके बड़े बेटे सोनू शर्मा ने कुछ दिन पहले घर के हिस्से को लेकर विवाद किया था। आज उसने फिर विवाद किया,  छोटा बेटा रवि जब  बीच में बोला तो दोनों में झगडा होने लगा इतने में सोनू ने कट्टा निकालकर गोली मार दी जिसमें छोटा बेटा रवि और बेटी पूनम घायल हो गए।

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गोली चलने की सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और घायल भाई-बहन को जयारोग्य अस्पताल के ट्राॅमा सेंटर में भर्ती कराया। उधर इस मामले में एसपी का कहना है कि आरोपी भाई कुछ दिन पहले ही जेल से छूट ,कर आया है।  घर में प्रॉपर्टी को लेकर विवाद हुआ है जिसमें उसने गोली चलाई है। घायल भाई की पीठ में और बहन के पेट में गोली लगी है। आरोपी भाई के खिलाफ हत्या के प्रयास का मुकदमा दर्ज कर उसकी तलाश की जा रही है।

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Atul Saxena
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पत्रकारिता में तीन दशक से अधिक का अनुभव.

पत्रकारिता मेरे लिए एक मिशन है, हालाँकि आज की पत्रकारिता ना ब्रह्माण्ड के पहले पत्रकार देवर्षि नारद वाली है और ना ही गणेश शंकर विद्यार्थी वाली, फिर भी मेरा ऐसा मानना है कि यदि खबर को सिर्फ खबर ही रहने दिया जाये तो ये ही सही अर्थों में पत्रकारिता है और मैं इसी मिशन पर पिछले तीन दशकों से ज्यादा समय से लगा हुआ हूँ.... पत्रकारिता के इस भौतिकवादी युग में मेरे जीवन में कई उतार चढ़ाव आये, बहुत सी चुनौतियों का सामना करना पड़ा लेकिन इसके बाद भी ना मैं डरा और ना ही अपने रास्ते से हटा ....पत्रकारिता मेरे जीवन का वो हिस्सा है जिसमें सच्ची और सही ख़बरें मेरी पहचान हैं .... View all posts by Atul Saxena →
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