Bank News: 15 मार्च से दो दिवसीय हड़ताल पर मध्य प्रदेश के लगभग 45 ग्रामीण बैंक के अधिकारी और कर्मचारी

grameen bank

बड़वाह, बाबूलाल सारंग। मध्य प्रदेश ग्रामीण बैंक (madhya pradesh grameen bank) की लगभग 45 ग्रामीण बैंक के अधिकारी (officers) और कर्मचारी (workers) 15 मार्च से 16 मार्च दो दिन के लिए विभिन्न- विभिन्न मांगों को लेकर हड़ताल (strike) करेंगे। ग्रामीण बैंक के क्षेत्रीय सचिव (regional secretary of grameen bank) निर्मल कुमार मालवीय ने जानकारी देते हुए बताया कि यूनाइटेड फोरम ऑफ बैंक यूनियन (united forum of bank union) के आह्वान पर लगभग 45 ग्रामीण बैंकों के कर्मचारी एवं अधिकारियों ने सबसे बड़े संगठन, ऑल इंडिया रीजनल रूरल बैंक एंप्लाइज एसोसिएशन (all india regional rural bank employees association) के कहने पर बैंकों के निजीकरण (privitaization) किए जाने के विरोध में 15 से 16 मार्च को दो दिवसीय बैंक हड़ताल पर जाने का निर्णय लिया है।

ग्रामीण बैंक की देशभर में 21000 से अधिक शाखाओं में 125000 कर्मचारी और अधिकारी हड़ताल के दौरान यूनियन के साथ विरोध प्रदर्शन में भाग लेंगे। ग्रामीण बैंक के प्रधान कार्यालय एवं क्षेत्रीय कार्यालय पर एकत्रित होकर अपनी मांगों के संबंध में वित्त मंत्री के नाम संबोधित ज्ञापन बैंक अध्यक्ष को सौंपेंगे। यूनियन के प्रांतीय सचिव के.के गौड़ एवं अजय तिवारी ने बताया कि बैंकों के निजीकरण से बैंक देश के गरीब किसान और छोटे व्यापारी की पहुंच से दूर हो जाएगी। सभी प्रकार की शासकीय योजनाओं का क्रियान्वयन सरकारी बैंक करते आ रहे हैं जो बैंकों के निजीकरण के बाद संभव प्रतीत नहीं हो रहा है। उन्होंने कहा कि बैंकों को सर्विस ओरिजिनल सेवा प्रदान करने वाली संस्था से प्रॉफिट कमाने वाली संस्था बनाने का कदम दुर्भाग्यपूर्ण होगा। इसके साथ ही बैंकों के निजीकरण से कर्मचारियों में सुरक्षा तथा भय व्याप्त है देश के सर्वोच्च न्यायालय के निर्णय के उपरांत ग्रामीण बैंक को 11वें वेतन समझौते का आदेश भारत सरकार ने वर्तमान तक नहीं जारी किया है।

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आगे उन्होंने कहा कि बैंकों को निजीकरण के विरोध में देश की जनता के लिए बैंक कर्मचारियों ने स्वयं सांकेतिक हड़ताल पर जाने का निर्णय लिया है। बैंकों के निजीकरण का निर्णय वापस नहीं लिया गया तो देश की जनता के साथ बैंक कर्मचारी बकायदा अनिश्चितकालीन आंदोलन प्रारंभ करेंगे, इसके लिए भारत सरकार जिम्मेदार होगी। गौर एवं तिवारी ने ग्रामीण बैंकों में सभी कर्मचारियों, अधिकारियों को इस आंदोलन में पूर्ण रुप से सक्रियता के साथ भाग लेने और कार्यक्रम को सफल बनाने की अपील की है

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