Hindi News

सिंधिया की पहल पर डीआरडीओ की मदद से खुलेगा 500 बिस्तर का कोरोना अस्पताल

Written by:Atul Saxena
Last Updated:
सिंधिया की पहल पर डीआरडीओ की मदद से खुलेगा 500 बिस्तर का कोरोना अस्पताल

ग्वालियर, अतुल सक्सेना। ग्वालियर में बढ़ती कोरोना मरीजों (Corona Patients) की संख्या को देखते हुए सांसद ज्योतिरादित्य सिंधिया (Jyotiraditya Scindia) के प्रयासों से रक्षा अनुसन्धान एवं विकास संस्थान DRDO ग्वालियर में 500 बिस्तर का कोरोना अस्पताल (Corona Hospital) शुरू करेगा। उम्मीद की जा रही है कि ये अस्पताल 15 से 20 दिन में आकार ले लेगा।

ये भी पढ़ें – कलेक्टर का अजीबोगरीब कारनामा, कोरोना से बचाव के लिए ये क्या कर डाला!

जानकारी के अनुसार ग्वालियर में कोरोना मरीजों के इलाज में हो रही परेशानी को देखते हुए DRDO की मदद से एक कोरोना अस्पताल(Corona Hospital) DRDE ग्वालियर में बनाया जाएगा। कोरोना प्रभारी मंत्री प्रद्युमन सिंह तोमर (Pradyuman Singh Tomar) के मुताबिक 500 बिस्तर के अस्पताल के लिए राज्यसभा सांसद ज्योतिरादित्य सिंधिया (Jyotiraditya Scindia) ने रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह (Rajnath Singh),  DRDO प्रमुख सतीश रेड्डी (Satish Reddi) से बात की थी।

ये भी पढ़ें – देश में कोरोना ने किया 3.79 लाख का आंकड़ा पार, रिकॉर्ड मौतें, महाराष्ट्र में हालात बेकाबू

बताया जा रहा है कि DRDE प्रमुख ग्वालियर को इस संबंध में शीघ्र प्रस्ताव बनाकर भेजने के निर्देश DRDO मुख्यालय नई दिल्ली से प्राप्त हो गए हैं। DRDE की टीम स्थानीय ज़िला प्रशासन के साथ इस सम्बंध में मीटिंग करके व स्थल चयन करके आवश्यक प्रस्ताव दिल्ली मुख्यालय को भेज देगी। उम्मीद की जा रही है कि अत्याधुनिक कोरोना हॉस्पिटल (Corona Hospital) शीघ्र ही यह अगले 15- 20 दिन में शुरू हो जाएगा, जिससे इस क्षेत्र के कोरोना मरीजों को इलाज में बहुत अधिक मदद मिल सकेगी।

Atul Saxena
लेखक के बारे में
पत्रकारिता मेरे लिए एक मिशन है, हालाँकि आज की पत्रकारिता ना ब्रह्माण्ड के पहले पत्रकार देवर्षि नारद वाली है और ना ही गणेश शंकर विद्यार्थी वाली, फिर भी मेरा ऐसा मानना है कि यदि खबर को सिर्फ खबर ही रहने दिया जाये तो ये ही सही अर्थों में पत्रकारिता है और मैं इसी मिशन पर पिछले तीन दशकों से ज्यादा समय से लगा हुआ हूँ.... पत्रकारिता के इस भौतिकवादी युग में मेरे जीवन में कई उतार चढ़ाव आये, बहुत सी चुनौतियों का सामना करना पड़ा लेकिन इसके बाद भी ना मैं डरा और ना ही अपने रास्ते से हटा ....पत्रकारिता मेरे जीवन का वो हिस्सा है जिसमें सच्ची और सही ख़बरें मेरी पहचान हैं .... View all posts by Atul Saxena
Follow Us :GoogleNews