अतिक्रमण हटाने गई पुलिस और प्रशासन पर पत्थरों से हमला, 21 नामजद और 40 अज्ञात लोगों के खिलाफ मामला दर्ज

अतिक्रमण हटाने गई पुलिस और प्रशासन पर पत्थरों से हमला, 21 नामजद और 40 अज्ञात लोगों के खिलाफ मामला दर्ज

मुरैना, संजय दीक्षित| बागचीनी थाना क्षेत्र के चेना गांव में शासकीय भूमि पर न्यायालय के आदेश से अतिक्रमण (Encroachment) हटाने गए पुलिस (Police) एवं प्रशासन (Administration) की टीम पर अतिक्रमणकारियों ने अचानक पत्थरों से हमला (Attack) बोल दिया। जिसके चलते प्रशासन को बैरंग लौटना पड़ा। इस हमले में दो आरक्षक घायल हुए है और देवगढ़ थाना और पुलिस लाइन के वाहनों को पत्थरों से क्षतिग्रस्त किया गया हैं।

सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार मंगलवार को जौरा अनुविभागीय अधिकारी नीरज शर्मा एसडीओपी सुजीत सिंह भदोरिया, प्रभारी तहसीलदार कल्पना शर्मा, पुलिस फोर्स एवं पटवारी आर आई की टीम के साथ चेना गांव में शासकीय भूमि सर्वे क्रमांक 722 खेल मैदान पर किए गए अतिक्रमण को हाईकोर्ट के आदेश से हटाने के लिए गए थे। शासकीय भूमि पर से अतिक्रमण हटाने के लिए जैसे ही पुलिस एवं प्रशासन की टीम पहुंची तो टीम पर अतिक्रमणकारियों ने अचानक पत्थरों से हमला बोल दिया। जिससे पुलिस एवं प्रशासन ने टीम को अतिक्रमण हटाए बिना वापस लौटना पड़ा। अतिक्रमणकारियों को भीम आर्मी के जिलाध्यक्ष मनोज सैमिल द्वारा भड़काया गया था। जिससे कि पुरुष एवं महिलाओं ने घरों एवं मकानों से पत्थर फेंकना शुरू कर दिया।

चेना गांव में हाई कोर्ट के निर्देश पर सोमवार को भी खेल मैदान में जगदीश टैगोर नामक व्यक्ति द्वारा अतिक्रमण कर बनाए गए मकान को जेसीबी से हटाया गया था जो शेष अतिक्रमण रह गया था ।उसे हटाने के लिए ही पुलिस एवं प्रशासन की टीम मंगलवार को बागचीनी थाना क्षेत्र के चैना गांव में पहुंची थी। तभी अतिक्रमणकारियों ने पीछे से हमला कर दिया।जिसमे में दो आरक्षक घायल हुए है और देवगढ़ थाना और पुलिस लाइन के वाहनों को पत्थरों से क्षतिग्रस्त किया हैं।इस पूरे मामले में बागचीनी थाना पुलिस ने करीब 21 नामजद और 40 अज्ञात लोगों के खिलाफ 353 और 307 का मामला दर्ज किया गया है। इस प्रकरण में एसडीओपी सुजीत सिंह भदोरिया का कहना है कि हाईकोर्ट के आदेश पर एसडीएम एवं तहसीलदार के साथ पूरा अमला सर्वे क्रमांक 722 पर किए गए अतिक्रमण को हटाने गए थे। वहां पर मनोज नामक व्यक्ति द्वारा ग्रामीणों को भड़का कर पुलिस प्रशासन पर हमला कराया है।इस प्रकरण में हमला करने वालों एवं शासकीय कार्य में व्यवधान डालने वालों के विरुद्ध कार्यवाही की जा रही है।

Gaurav Sharma
लेखक के बारे में
Gaurav Sharma

निदेशक और संपादक

पत्रकारिता पेशा नहीं ज़िम्मेदारी है और जब बात ज़िम्मेदारी की होती है तब ईमानदारी और जवाबदारी से दूरी बनाना असंभव हो जाता है। एक पत्रकार की जवाबदारी समाज के लिए उतनी ही आवश्यक होती है जितनी परिवार के लिए क्यूंकि समाज का हर वर्ग हर शख्स पत्रकार पर आंख बंद कर उस तरह ही भरोसा करता है जितना एक परिवार का सदस्य करता है। पत्रकारिता मनुष्य को समाज के हर परिवेश हर घटनाक्रम से अवगत कराती है, यह इतनी व्यापक है कि जीवन का कोई भी पक्ष इससे अछूता नहीं है। यह समाज की विकृतियों का पर्दाफाश कर उन्हे नष्ट करने में हर वर्ग की मदद करती है। इसलिए पं. कमलापति त्रिपाठी ने लिखा है कि," ज्ञान और विज्ञान, दर्शन और साहित्य, कला और कारीगरी, राजनीति और अर्थनीति, समाजशास्त्र और इतिहास, संघर्ष तथा क्रांति, उत्थान और पतन, निर्माण और विनाश, प्रगति और दुर्गति के छोटे-बड़े प्रवाहों को प्रतिबिंबित करने में पत्रकारिता के समान दूसरा कौन सफल हो सकता है। View all posts by Gaurav Sharma →
Follow Us :GoogleNews