उपचुनाव में ‘धनवान’ का बोलबाला, बीजेपी के 23 और कांग्रेस के 22 उम्मीदवार करोड़पति

उपचुनाव में ‘धनवान’ का बोलबाला,  बीजेपी के 23 और कांग्रेस के 22 उम्मीदवार करोड़पति

भोपाल, डेस्क रिपोर्ट| मध्य प्रदेश (Madhyapradesh) की 28 सीटों पर होने वाले उपचुनाव (Byelection) में भाग्य आजमा रहे 355 उम्मीदवारों में से 23 फीसदी कैंडिडेट करोड़पति हैं| भाजपा (BJP) ने 28 में से 23 सीटों पर और कांग्रेस (Congress) ने 22 सीटों पर करोड़पति उम्मीदवार उतारे हैं। वहीं बहुजन समाज पार्टी के 13 और समाजवादी पार्टी दो उम्मीदवार करोड़पति हैं।

उम्मीदवारों के शपथ पत्र के आधार पर एसोसिएशन फॉर डेमोक्रेटिक रिफॉर्म्स (एडीआर) की विश्लेषण रिपोर्ट में यह आंकड़े सामने आये हैं| एडीआर की रिपोर्ट के मुताबिक कांग्रेस में 50 फीसद (14) उम्मीदवारों की आपराधिक पृष्ठभूमि है तो भाजपा में 28 में से 12 (43 फीसद) उम्मीदवारों का आपराधिक रिकॉर्ड है।

सबसे अमीर-सबसे गरीब प्रत्याशी
विश्लेषण में सामने आया है कि सांवेर विधानसभा क्षेत्र से कांग्रेस उम्मीदवार प्रेमचंद गुड्डू सबसे अमीर प्रत्याशी हैं| उनके पास 25 करोड़ 25 लाख रुपए की चल सम्पत्ति है जबकि 61 करोड़ 71 लाख रुपए की अचल संपत्ति है। गुड्डू ने अपनी कुल संपत्ति 86 करोड़ 97 लाख रुपए बताई है। वहीं ग्वालियर से पीपुल्स पार्टी ऑफ इंडिया की प्रत्याशी चैना बैगम ने महज तीन हजार रुपए की चल संपत्ति का ब्यौरा दिया है | अचल संपत्ति उन्होंने शून्य बताई है।

39 प्रत्याशियों के खिलाफ गंभीर धाराओं में मामले दर्ज
एडीआर के सर्वे के मुताबिक 80 उम्मीदवारों के पास तो करोड़ों की संपत्ति है। इनमें भी पंद्रह के पास पांच करोड़ या इससे अधिक की संपत्ति है। वहीं 39 प्रत्याशियों के खिलाफ गंभीर धाराओं में मामले दर्ज हैं| वहीं 355 उम्मीदवारों में से छह फीसद (22) महिला उम्मीदवार हैं।

Gaurav Sharma
लेखक के बारे में
Gaurav Sharma

निदेशक और संपादक

पत्रकारिता पेशा नहीं ज़िम्मेदारी है और जब बात ज़िम्मेदारी की होती है तब ईमानदारी और जवाबदारी से दूरी बनाना असंभव हो जाता है। एक पत्रकार की जवाबदारी समाज के लिए उतनी ही आवश्यक होती है जितनी परिवार के लिए क्यूंकि समाज का हर वर्ग हर शख्स पत्रकार पर आंख बंद कर उस तरह ही भरोसा करता है जितना एक परिवार का सदस्य करता है। पत्रकारिता मनुष्य को समाज के हर परिवेश हर घटनाक्रम से अवगत कराती है, यह इतनी व्यापक है कि जीवन का कोई भी पक्ष इससे अछूता नहीं है। यह समाज की विकृतियों का पर्दाफाश कर उन्हे नष्ट करने में हर वर्ग की मदद करती है। इसलिए पं. कमलापति त्रिपाठी ने लिखा है कि," ज्ञान और विज्ञान, दर्शन और साहित्य, कला और कारीगरी, राजनीति और अर्थनीति, समाजशास्त्र और इतिहास, संघर्ष तथा क्रांति, उत्थान और पतन, निर्माण और विनाश, प्रगति और दुर्गति के छोटे-बड़े प्रवाहों को प्रतिबिंबित करने में पत्रकारिता के समान दूसरा कौन सफल हो सकता है। View all posts by Gaurav Sharma →
Follow Us :GoogleNews