शनिवार शाम हरियाणा, पंजाब, चंडीगढ़ और दिल्ली-एनसीआर के कई इलाकों में भूकंप के झटके महसूस किए गए हैं। वहीं अचानक धरती हिलने से लोग घबरा गए और एहतियात के तौर पर घरों, दफ्तरों और अन्य इमारतों से बाहर निकल आए। दरअसल कुछ सेकंड तक महसूस हुए इन झटकों के बाद लोग खुले स्थानों पर खड़े रहे। शुरुआती जानकारी के मुताबिक, इस भूकंप से किसी तरह के जान-माल के नुकसान की खबर नहीं मिली है।
दरअसल नेशनल सेंटर फॉर सिस्मोलॉजी के अनुसार भूकंप शनिवार शाम 7 बजकर 8 मिनट पर आया। इसकी तीव्रता रिक्टर स्केल पर 6.2 दर्ज की गई, जबकि इसका केंद्र अफगानिस्तान में जमीन से करीब 215 किलोमीटर की गहराई में था। गहराई अधिक होने की वजह से भारत के कई हिस्सों में केवल झटके महसूस हुए और बड़े नुकसान की आशंका कम रही।
इन जगहों पर महसूस हुए झटके
वहीं भूकंप का असर सबसे पहले चंडीगढ़ में महसूस किया गया, जहां कई लोग घरों और कार्यालयों से बाहर निकल आए। इसके बाद पंजाब के मोहाली, गुरदासपुर और हरियाणा के पंचकूला समेत कई इलाकों से भी झटके महसूस होने की जानकारी सामने आई। दिल्ली से सटे एनसीआर के कई हिस्सों में भी लोगों ने भूकंप का कंपन महसूस किया। सोशल मीडिया पर भी बड़ी संख्या में लोगों ने अपने अनुभव साझा किए और बताया कि कुछ सेकंड तक इमारतें हल्की हिलती हुई महसूस हुईं।
जानिए भूकंप क्यों आता है?
दरअसल भूकंप धरती के भीतर मौजूद टेक्टोनिक प्लेटों की गतिविधियों के कारण आता है। पृथ्वी की सतह कई बड़ी और छोटी प्लेटों से बनी है, जो लगातार बहुत धीमी गति से खिसकती रहती हैं। जब दो प्लेटें आपस में टकराती हैं, एक-दूसरे के नीचे खिसकती हैं या दबाव बढ़ने के बाद अचानक टूटती हैं, तब बड़ी मात्रा में ऊर्जा निकलती है। यही ऊर्जा भूकंपीय तरंगों के रूप में फैलती है और धरती पर कंपन महसूस होता है।






