राजधानी के सार्वजनिक परिवहन ढांचे में 8 मार्च अहम तारीख रहने वाली है। मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता के मुताबिक, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी इस दिन दिल्ली मेट्रो के दो नए कॉरिडोर का उद्घाटन करेंगे और तीन नए कॉरिडोर का शिलान्यास भी करेंगे। सरकार का कहना है कि इस विस्तार से दिल्ली को देश की पहली ‘रिंग मेट्रो’ मिलने का रास्ता मजबूत होगा।
यह घोषणा ऐसे समय आई है जब शहर में कनेक्टिविटी बढ़ाने, जाम कम करने और अलग-अलग इलाकों को तेज सार्वजनिक परिवहन से जोड़ने पर जोर दिया जा रहा है। मुख्यमंत्री ने इस कार्यक्रम से पहले गुरुवार को कश्मीरी गेट आईएसबीटी के पास मॉनेस्ट्री मार्केट इलाके में एक फुट ओवर ब्रिज (एफओबी) की आधारशिला रखी और वहां से बुनियादी ढांचे तथा सामाजिक प्रतिनिधित्व दोनों मुद्दों पर बात की।
कश्मीरी गेट कार्यक्रम में क्या कहा
समारोह को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि दिल्ली में देश के विभिन्न राज्यों और क्षेत्रों से आए लोग रहते हैं और सरकार सबका सम्मान करती है। उन्होंने लद्दाखी समुदाय का जिक्र करते हुए कहा कि इस इलाके में कई सालों से लद्दाख के परिवार बसे हैं और स्थानीय स्तर पर सामाजिक एकजुटता बनी रही है।
“भारत ने हमेशा ‘जियो और जीने दो’ के सिद्धांत का पालन किया है। अगर हमने हथियार उठाए भी हैं तो सिर्फ आत्मरक्षा के लिए।”- रेखा गुप्ता, मुख्यमंत्री
मुख्यमंत्री ने अपने संबोधन में यह भी कहा कि भारत ने आत्मरक्षा के अलावा कभी किसी देश पर हमला नहीं किया। उनके मुताबिक, मौजूदा वैश्विक हालात में बुद्ध के शांति संदेश को याद रखने की जरूरत है। उन्होंने आतंकवाद के बढ़ते खतरे का उल्लेख करते हुए कहा कि भारत अब भी शांति और ‘वसुधैव कुटुंबकम’ की परंपरा पर चल रहा है।
एफओबी निर्माण: लागत, डिजाइन और जिम्मेदारी
लोक निर्माण विभाग (PWD) इस एफओबी का निर्माण कर रहा है। परियोजना की लागत 3 करोड़ रुपये बताई गई है। मुख्यमंत्री ने कहा कि पुल का डिजाइन लद्दाख की संस्कृति और परंपराओं को ध्यान में रखकर तैयार किया जाएगा, ताकि स्थानीय समुदाय की पहचान और सौंदर्य दोनों का समावेश दिखे।
कश्मीरी गेट और आसपास का क्षेत्र बस, मेट्रो और बाजार गतिविधियों के लिहाज से व्यस्त इलाका है। ऐसे में एफओबी को पैदल आवाजाही सुरक्षित बनाने और ट्रैफिक प्रबंधन में सहायक कदम के तौर पर देखा जा रहा है।
विपक्ष पर हमला और विकास का एजेंडा
कार्यक्रम के दौरान मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने आम आदमी पार्टी पर राजनीतिक हमला भी किया। उन्होंने कहा कि पिछली सरकार ने लोगों की भलाई के बजाय वोट बैंक की राजनीति को प्राथमिकता दी। अरविंद केजरीवाल का नाम लेते हुए उन्होंने आरोप लगाया कि उनकी मानसिकता ने विकास की रफ्तार को रोका।
मुख्यमंत्री ने कहा कि मौजूदा सरकार का उद्देश्य शहर के हर हिस्से में आधारभूत ढांचे का विस्तार करना है। उन्होंने संकेत दिया कि मेट्रो परियोजनाओं से लेकर स्थानीय स्तर के पुल-पैदल ढांचे तक, कई मोर्चों पर काम एक साथ आगे बढ़ाया जाएगा।
समारोह में सरकार के मंत्री प्रवेश साहिब सिंह, लद्दाख बीजेपी अध्यक्ष ताशी ग्यालसन खाचू और अन्य लोग मौजूद रहे। 8 मार्च के प्रस्तावित मेट्रो कार्यक्रम को राजधानी की दीर्घकालिक शहरी परिवहन योजना का महत्वपूर्ण पड़ाव माना जा रहा है, खासकर इसलिए क्योंकि इसमें उद्घाटन और शिलान्यास दोनों स्तरों पर नए कॉरिडोर शामिल हैं।
दिल्ली में मेट्रो नेटवर्क के आगे बढ़ने का सीधा असर रोजाना यात्रा करने वालों पर पड़ता है। सरकार की ओर से फिलहाल यही संदेश दिया जा रहा है कि कॉरिडोर विस्तार, रिंग मेट्रो की परिकल्पना और स्थानीय अवसंरचना निर्माण—इन तीनों को समान प्राथमिकता के साथ आगे बढ़ाया जाएगा।






