मध्यप्रदेश के नीमच जिले के रतनगढ़ थाना क्षेत्र की जाट चौकी के अंतर्गत आने वाले तुमड़िया गांव में शुक्रवार को अपहरण की सनसनीखेज घटना सामने आई। जानकारी के मुताबिक 8 और 13 साल की दो नाबालिग बच्चियां अपने खेत से घर लौट रही थीं। इसी दौरान एक सफेद ईको कार वहां पहुंची और उसमें सवार युवकों ने दोनों बच्चियों को जबरन गाड़ी में बैठाकर फरार होने की कोशिश की। बच्चियों के शोर मचाने पर आसपास मौजूद ग्रामीण तुरंत हरकत में आए और बिना समय गंवाए कार का पीछा शुरू कर दिया।
घटना के बाद पूरे गांव में अफरा-तफरी मच गई। ग्रामीणों ने तुरंत अन्य लोगों को सूचना दी, जिससे अलग-अलग गांवों के लोग भी रास्ते में सतर्क हो गए। इसी तेजी और एकजुटता की वजह से अपहरणकर्ताओं की योजना ज्यादा देर तक सफल नहीं हो सकी।
ग्रामीणों ने दिखाई बहादुरी
बच्चियों की चीख सुनकर ग्रामीण भेरूलाल जटिया और प्रहलाद बैरागी सबसे पहले आरोपियों के पीछे निकले। उन्होंने बाइक से कार का पीछा किया और करीब दो किलोमीटर बाद कार को रोकने की कोशिश की। आरोपियों ने बचने के लिए बाइक को टक्कर मार दी, जिससे बाइक काफी दूर तक घिसटती चली गई। इसके बावजूद ग्रामीण पीछे नहीं हटे और लगातार अन्य लोगों को सूचना देते रहे।
आरोपी बिजेपुर, दौलतपुरा, पालछा और चडोल होते हुए भाग रहे थे। इसी बीच आगे मौजूद ग्रामीणों ने आटा सरोदा के पास ट्रैक्टर सड़क पर खड़ा कर रास्ता बंद कर दिया। करीब 25 किलोमीटर तक चले पीछा करने के बाद कार को रोक लिया गया। इसके बाद ग्रामीणों ने दो आरोपियों को पकड़ लिया, जबकि तीसरा आरोपी मौके का फायदा उठाकर फरार हो गया। बच्चियों को सुरक्षित बाहर निकाल लिया गया और तुरंत उनके परिजनों को सौंप दिया गया। इस घटना ने साबित कर दिया कि समय पर सतर्कता और सामूहिक प्रयास से बड़ी वारदात को रोका जा सकता है।

पुलिस जांच में जुटी
पुलिस के अनुसार शुरुआती जानकारी में पकड़े गए आरोपी भी नाबालिग बताए जा रहे हैं। इनमें से एक आरोपी सरवानिया मसानी और दूसरा खोर क्षेत्र का रहने वाला बताया गया है। ग्रामीणों ने दोनों आरोपियों को पहले जाट पुलिस चौकी और फिर रतनगढ़ थाने के हवाले कर दिया। पुलिस अब फरार आरोपी की तलाश कर रही है और यह भी जांच कर रही है कि घटना के पीछे सिर्फ अपहरण की मंशा थी या कोई बड़ा गिरोह सक्रिय है।
घटनास्थल से मिली ईको कार के अंदर एक अन्य बच्ची की चप्पल और कांच पर लगाने वाला गत्ता भी मिला है। इसी वजह से पुलिस इस एंगल से भी जांच कर रही है कि कहीं यह वाहन पहले भी किसी दूसरी वारदात में इस्तेमाल तो नहीं हुआ। फिलहाल पीड़ित परिवार के बयान दर्ज किए जा रहे हैं और आरोपियों के खिलाफ अपहरण समेत अन्य गंभीर धाराओं में मामला दर्ज करने की प्रक्रिया चल रही है। ग्रामीणों ने मांग की है कि पूरे मामले की निष्पक्ष जांच हो और फरार आरोपी को जल्द गिरफ्तार कर सख्त कार्रवाई की जाए।






