
Lord Shiv Puja : शिव पूजा का हिंदू धर्म में बहुत महत्त्व है। भगवान शिव को त्रिदेवों में एक माना जाता है। उन्हें सृष्टि, स्थिति और संहार के देवता के रूप में जाना जाता है। उन्हें महादेव, भोलेनाथ और भोले बाबा भी कहा जाता है क्योंकि वे अत्यंत ध्यानात्मिक और औदार्य स्वभाव के लिए जाने जाते हैं। शिव की पूजा कई तरह से किया जा सकता है, जिनमें ध्यान, मंत्र जाप, अर्चना, अभिषेक, व्रत आदि शामिल है। वहीं, भगवान शिव को पति और पत्नी के संगम का प्रतीक भी माना जाता है। उनकी पत्नी पार्वती शक्ति का प्रतीक होती हैं। बता दें कि शिव जी की पूजा-अर्चना करने से भक्त को मनचाहा फल मिलता है।

दूर होंगे सारे रोग
धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, भगवान शिव की पूजा करने से लड़कियों को उनका मन पसंद लड़का मिलता है तो वहीं लड़कों को भी उनके मन मुताबिक लड़की मिलती है। इसके अलावा, आपको आर्थिक तंगी से भी छुटकारा मिल जाता है। बता दें कि भगवान शिव को “मृत्युंजय” कहा जाता है। इस नाम का अर्थ होता है “मृत्यु” को जीतने वाला क्योंकि उन्होंने अपनी अमृतता और अनन्तता के कारण मृत्यु को भी वश में किया है। वे जीवन और मृत्यु के परंपरागत संचालन का प्रतीक माने जाते हैं जो इंसान के हर रोग, कष्ट, पीड़ा को हर लेते हैं।
इस प्रकार करें पूजा
- शिव पूजा की शुरुआत ध्यान और मन्त्र जाप से होती है।
- सबसे पहले आप “ॐ नमः शिवाय” या अन्य शिव मंत्रों का जाप करें।
- जिसके बाद शिवलिंग को जल, दूध, गंगाजल, चंदन, धूप, दीप आदि से स्नान कराएं।
- फिर फूलों की माला बनाकर शिवलिंग को अर्पित करना।
- जिसके बाद शिव की आरती गाएं और उन्हें प्रसाद चढ़ाएं।
(Disclaimer: यहां मुहैया सूचना सिर्फ मान्यताओं और जानकारियों पर आधारित है। MP Breaking News किसी भी तरह की मान्यता, जानकारी की पुष्टि नहीं करता है। किसी भी जानकारी या मान्यता को अमल में लाने से पहले संबंधित विशेषज्ञ से सलाह लें।)
सीनियर कंटेंट राइटर · डिप्लोमा इन मास कम्युनिकेशन, बीए. 2022 से MP Breaking News में; पहले लाइव इंडिया, VIP News Channel और Khabar Bharat में कार्य.

