हिंदू धर्म में होलिका दहन का बहुत महत्व माना गया है। ये बुराई पर अच्छाई की जीत का पर्व है, जिसे धूमधाम से मनाया जाता है। इस साल यह पर्व 3 मार्च को मनाया जाने वाला है। शास्त्रों के मुताबिक होलिका की अग्नि बहुत पवित्र होती है जो नकारात्मक ऊर्जा का नाश करती है।
जो व्यक्ति इस दिन अग्नि में सुख समृद्धि की कामना के साथ आहुति देता है, उसके जीवन में सकारात्मकता आती है। इस दिन पूजा पाठ का भी विशेष महत्व माना गया है। हालांकि, इस दिन होलिका की अग्नि में डाली गई कुछ चीजें जीवन में मुश्किल लेकर आ सकती है। चलिए आपको बता देते हैं कि यह कौन सी चीज है जिन्हें डालने से बचना चाहिए।
होलिका की अग्नि में ना डालें ये चीजें
हरी भरी लकड़ियां
होलिका दहन में कभी भी हरे भरे पेड़ों को नहीं जलाना चाहिए। शास्त्रों में हरे वृक्ष को काटना पाप माना गया है। खासतौर पर पीपल, शमी, बरगद, आंवला और नीम की लकड़ी का प्रयोग ना करें। इन वृक्षों में देवताओं का वास माना गया है और इन्हें जलाने से पितृ दोष और संतान कष्ट बढ़ सकता है। हमेशा सूखी लकड़ियों का उपयोग करें और उपलों को भी जला सकते हैं।
चमड़ा और लोहा
होलिका दहन की आग में कभी भी अपना बेल्ट, पर्स, पुराने जूते या फिर लोहे की चीज नहीं डालनी चाहिए। इससे घर में क्लेश बढ़ता है। घर में रहने वाले लोगों को दुविधाओं का सामना करना पड़ता है। यह तरक्की में बाधा उत्पन्न करता है।
रबर और कूड़ा करकट
आजकल लोग घर से निकला हुआ प्लास्टिक, कूड़ा और टायर होलिका की अग्नि में डाल देते हैं। इससे न केवल पर्यावरण को नुकसान होता है बल्कि आध्यात्मिक रूप से भी यह शुभ नहीं है। पवित्र अग्नि में गंदगी डालने से राहु केतु दोष बढ़ता है और बनते हुए काम बिगड़ने लगते हैं।
फटे पुराने कपड़े
कई बार बला टालने के नाम पर लोग फटे पुराने कपड़े होलिका में डाल देते हैं। शास्त्रों के मुताबिक पहने हुए वस्त्र होलिका में डालने से मानसिक तनाव, नकारात्मक ऊर्जा और आर्थिक तंगी जैसी समस्याएं बढ़ जाती है।
डालें ये चीजें
- होलिका दहन में पीली सरसों डालने से घर के नजर उतरती है।
- अगर करियर और व्यापार की बाधाएं दूर करनी है तो होलिका की अग्नि में सूखा नारियल डालें।
- शत्रुओं से मुक्ति और शनि दोष दूर करने के लिए होलिका की अग्नि में काले तिल डालना शुभ माना गया है।
- गोबर के उपले होलिका की आग में जरूर डालें। ऐसा करने से घर में सुख शांति आती है।
Disclaimer- यहां दी गई सूचना सामान्य जानकारी के आधार पर बताई गई है। इनके सत्य और सटीक होने का दावा MP Breaking News न्यूज़ नहीं करता।





