मासिक दुर्गाष्टमी 24 अगस्त को, बन रहा ग्रहों का अद्भुत संयोग, इन 4 राशियों की चमकेगी किस्मत, बरसेगा पैसा

मासिक दुर्गाष्टमी 24 अगस्त को, बन रहा ग्रहों का अद्भुत संयोग, इन 4 राशियों की चमकेगी किस्मत, बरसेगा पैसा

Masik Durga Ashtami: हर महीने शुक्ल पक्ष की अष्टमी तिथि को दुर्गाष्टमी का व्रत रखा जाता है। यह दिन माता दुर्गा को समर्पित होता है। लोग भक्ति भाव के साथ मातारानी की पूजा-आराधना करते हैं। श्रावण माह में 24 अगस्त को दुर्गाष्टमी का व्रत रखा जाएगा। सुबह 3:31 बजे अष्टमी तिथि का आरंभ होगा, वहीं 25 अगस्त शुक्रवार सुबह 3:10 बजे इसका समापन होगा।

दुर्गाष्टमी पर बन रहा ग्रहों का अद्भुत संयोग

वैदिक ज्योतिष शास्त्र के अनुसार 24 अगस्त गुरुवार को ग्रहों का अद्भुत संयोग बन रहा है। बुद्धि और विवेक का कारक बुध ग्रह सिंह राशि में उल्टी चाल चलेगा। इसका असर सभी राशि के जातकों पर होगा। किसी के लिए यह शुभ तो किसी के लिए अशुभ होगा। ऐसी चार राशियाँ हैं, जिनके लिए दुर्गाष्टमी का दिन शुभ होगा। धन-समृद्धि में वृद्धि के प्रबल योग बनेंगे। आइए जानें ये लकी राशियाँ कौन-कौन सी हैं-

मिथुन राशि

मिथुन राशि के जातकों को कारोबार में लाभ होगा। यह दिन जातकों के अनुकूल होगा। पुराने मित्रों ने सहयोग मिलेगा। परिवार में सुख-शांति बनी रहेगी।

धनु राशि

धनु राशि के जातकों के लिए आने वाला दिन बेहद शुभ होगा। परिवन का माहौल शांत होगा। धन लाभ के योग बन रहे हैं। आय में वृद्धि हो सकती है। लंबे समय से अटका हुआ कार्य पूरा होगा।

मेष राशि

मेष राशि के जातकों पर माँ दुर्गा की विशेष कृपा रहेगी । नौकरी के नए अवसर मिलेंगे। कार्यक्षेत्र पर प्रशंसा होगी। धन लाभ के योग बन रहे हैं।

वृश्चिक राशि

वृश्चिक राशि के जातकों के लिए आने वाले दिन अनुकूल रहेंगे। कारोबार में लाभ होगा। धार्मिक कार्यों में रुचि बढ़ेगी। लंबी यात्रा पर जाने की योजना बन सकती है।

(Disclaimer: इस आलेख का उद्देश्य केवल जानकारी साझा करना है। MP Breaking News इन बातों की पुष्टि नहीं करता।)

Manisha Kumari Pandey
लेखक के बारे में
पत्रकारिता जनकल्याण का माध्यम है। एक पत्रकार का काम नई जानकारी को उजागर करना और उस जानकारी को एक संदर्भ में रखना है। ताकि उस जानकारी का इस्तेमाल मानव की स्थिति को सुधारने में हो सकें। देश और दुनिया धीरे–धीरे बदल रही है। आधुनिक जनसंपर्क का विस्तार भी हो रहा है। लेकिन एक पत्रकार का किरदार वैसा ही जैसे आजादी के पहले था। समाज के मुद्दों को समाज तक पहुंचाना। स्वयं के लाभ को न देख सेवा को प्राथमिकता देना यही पत्रकारिता है। अच्छी पत्रकारिता बेहतर दुनिया बनाने की क्षमता रखती है। इसलिए भारतीय संविधान में पत्रकारिता को चौथा स्तंभ बताया गया है। हेनरी ल्यूस ने कहा है, " प्रकाशन एक व्यवसाय है, लेकिन पत्रकारिता कभी व्यवसाय नहीं थी और आज भी नहीं है और न ही यह कोई पेशा है।" पत्रकारिता समाजसेवा है और मुझे गर्व है कि "मैं एक पत्रकार हूं।" View all posts by Manisha Kumari Pandey →
Follow Us :GoogleNews