रक्षाबंधन के बाद राखी खोलते समय रखें इन बातों का खास ख्याल, करें इन 4 नियमों का पालन, वरना होगा नुकसान 

राखी उतारते समय भी कुछ नियमों का पालन करना जरूरी होता है। आइए एक नजर इन नियमों पर डालें-
Rakhi Utarne Ke Niyam

Rakhi Utarne Ke Niyam: 19 अगस्त को धूमधाम से देशभर में रक्षाबंधन का त्योहार मनाया गया। भद्रा के कारण राखी बांधने का शुभ मुहूर्त दोपहर 1:30 बजे के बाद शुरू हुआ। शास्त्रों के अनुसार जिस तरह से मुहूर्त और विधि-विधान के अनुसार राखी बांधी जाती है। वैसे ही राखी उतारने का भी सही समय और नियम होता है। जिनका पालन करना जरूरी होता है। ऐसा न करने पर जीवन में समस्याओं का सामना करना पड़ता है।

कब तक बांधनी चाहिए राखी?

भाईयों को अपने कलाई कम से कम 24 घंटे तक राखी बांध कर रखनी चाहिए। ऐसा न करने से भाई-बहन दोनों को नुकसान होता है। कई लोग जन्माष्टमी तक राखी बांधकर रखते हैँ। मान्यताओं के अनुसार पितृपक्ष आरंभ होने से पहले राखी को उतार देना चाहिए। अधिक समय तक राखी बांधने से भी वास्तु दोष लगता है।

टूटी हुई राखी का क्या करें?

कभी-कभी कलाई पर ही राखी टूट जाती है। ऐसे में राखी को फेंकना नहीं चाहिए। टूटी हुई राखी को नदी या जल में प्रवाहित कर देना चाहिए। पेड़ के जड़ के सामने एक रुपये के सिक्के के साथ इसे गाड़ सकते हैं।

भूलकर भी न करें ये काम 

कई लोग रक्षाबंधन समाप्त होने के बाद राखी को इधर-उधर उतार कर रख देते हैं। ऐसा करना अशुभ माना जाता है। राखी भाई-बहन के अटूट रिश्ते को दर्शाता है। इसे रक्षासूत्र भी कहा जाता है। देव वृक्ष के नीचे आप इसे दबा सकते हैं। पवित्र नदियों में भी प्रवाहित कर सकते हैं।

सोने-चांदी के राखी का क्या करें?

रेशमी धागे से बनी राखी भाई-बहन के प्रेम का प्रतीक है। बाजार में विभिन्न प्रकार की राखी मिलती है। कई बहनें अपने भाई के कलाई पर चांदी या सोने की राखी बांधती है। इसे विसर्जित करने की जरूरत भी नहीं पड़ती। ऐसी राखी को पूरे साल पहना जा सकता है।

(Disclaimer: इस आलेख का उद्देश्य केवल सामान्य जानकारी साझा करना है, जो मान्यताओं, ग्रंथों और विभिन्न माध्यमों पर आधारित है। MP Breaking News इन बातों के सत्यता और सटीकता की पुष्टि नहीं करता।)

Manisha Kumari Pandey
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