दर्दनाक हादसा : बस के ऊपर पलटा ट्रक, पांच लोगों की मौत

दर्दनाक हादसा : बस के ऊपर पलटा ट्रक, पांच लोगों की मौत

रीवा, डेस्क रिपोर्ट| मध्य प्रदेश (Madhya pradesh) के रीवा (Rewa) जिले में गुरूवार को एक दर्दनाक हादसा (Road Accident) हो गया| छुहिया घाटी में एक बस के ऊपर राखड़ से भरा ट्रक गिर गया है। इस हादसे में 5 लोगों की मौत हुई है। वहीं, 9 लोग घायल बताय जा रहे हैं| मौके पर पहुंचे पुलिस बल ने तत्काल क्रेन की मदद से ट्रक को हटवा कर घायलों को बाहर निकाला और उन्हें उपचार के लिए अस्पताल भिजवा दिया।

जानकारी के मुताबिक रीवा जिले के गोविंदगढ़ थाना के छुहिया घाटी में कर्मचारियों को लेकर जा रही सीमेंट फैक्ट्री की बस के ऊपर गर्म क्लिंकर से लोड ट्रक पलट गया। हादसे में पांच लोगों की मौत हो गई वहीं कई लोग हुए गंभीर रूप से घायल हो गये हैं। घायलों को इलाज के लिए रीवा के संजय गांधी और प्राइवेट अस्पताल में भर्ती किया गया है।

अल्ट्राटेक सीमेंट प्लांट बघवार थाना रामपुर नैकिन की बस कर्मचारियों को लेकर प्रतिदिन की तरह गुरुवार की सुबह रीवा से फैक्ट्री जा रही थी। सुबह करीब 8:00 बजे बस जैसे ही गोविंदगढ़ थाने के छुहिया घाटी में पहुंची तभी मोड में सामने से गर्म क्लिंकर लोड करके आ रहा था। तेज रफ्तार ट्रेलर मोड़ में बस के ऊपर ही पलट गया| हादसा बहुत दर्दनाक बताया जा रहा है, जिसमे 4 लोगों की मौत मौके पर ही हो गई है जबकि एक ने रास्ते में दम तोड़ दिया है | घटना की सूचना मिलते ही गोविंदगढ़ थाना की पुलिस मौके पर पहुंच गई।

Gaurav Sharma
लेखक के बारे में
Gaurav Sharma

निदेशक और संपादक

पत्रकारिता पेशा नहीं ज़िम्मेदारी है और जब बात ज़िम्मेदारी की होती है तब ईमानदारी और जवाबदारी से दूरी बनाना असंभव हो जाता है। एक पत्रकार की जवाबदारी समाज के लिए उतनी ही आवश्यक होती है जितनी परिवार के लिए क्यूंकि समाज का हर वर्ग हर शख्स पत्रकार पर आंख बंद कर उस तरह ही भरोसा करता है जितना एक परिवार का सदस्य करता है। पत्रकारिता मनुष्य को समाज के हर परिवेश हर घटनाक्रम से अवगत कराती है, यह इतनी व्यापक है कि जीवन का कोई भी पक्ष इससे अछूता नहीं है। यह समाज की विकृतियों का पर्दाफाश कर उन्हे नष्ट करने में हर वर्ग की मदद करती है। इसलिए पं. कमलापति त्रिपाठी ने लिखा है कि," ज्ञान और विज्ञान, दर्शन और साहित्य, कला और कारीगरी, राजनीति और अर्थनीति, समाजशास्त्र और इतिहास, संघर्ष तथा क्रांति, उत्थान और पतन, निर्माण और विनाश, प्रगति और दुर्गति के छोटे-बड़े प्रवाहों को प्रतिबिंबित करने में पत्रकारिता के समान दूसरा कौन सफल हो सकता है। View all posts by Gaurav Sharma →
Follow Us :GoogleNews