सागर/खुरई। खुरई विधानसभा क्षेत्र के अंतर्गत खुरई और बांदरी नगर में कुछ शराब दुकानों की मौजूदा स्थिति को लेकर गंभीर आपत्ति दर्ज कराई गई है। स्थानीय निवासियों, विशेषकर महिलाओं और बच्चों को हो रही असुविधा और असुरक्षा को देखते हुए खुरई विधायक एवं पूर्व मंत्री भूपेंद्र सिंह ने इस मामले में हस्तक्षेप किया है। उन्होंने प्रदेश के उपमुख्यमंत्री एवं वाणिज्य कर मंत्री जगदीश देवड़ा को पत्र लिखकर इन दुकानों को तत्काल प्रभाव से स्थानांतरित करने की मांग की है।
यह मामला खुरई नगर पालिका परिषद और बांदरी नगर परिषद क्षेत्र में संचालित देशी और अंग्रेजी शराब की दुकानों से जुड़ा है। विधायक द्वारा लिखे गए पत्र में स्पष्ट रूप से कहा गया है कि इन दुकानों के आसपास असामाजिक तत्वों का जमावड़ा लगा रहता है, जिससे आम नागरिकों का जीवन प्रभावित हो रहा है।
किन स्थानों पर है आपत्ति?
पत्र में विशेष रूप से कुछ दुकानों के स्थान का उल्लेख किया गया है। जानकारी के अनुसार, खुरई के वार्ड क्रमांक 25 में एक शराब दुकान रेलवे स्टेशन के निकट और बस स्टैंड के ठीक सामने चल रही है। यह एक प्रमुख व्यावसायिक और सार्वजनिक आवागमन का केंद्र है।
इसी तरह, बांदरी क्षेत्र में स्थित शराब की दुकानों के आसपास धार्मिक स्थल और एक महाविद्यालय होने की बात सामने आई है। शिक्षण संस्थानों और पूजा स्थलों के करीब शराब की बिक्री होने से स्थानीय लोगों में गहरा रोष है और इसे नियमों का उल्लंघन भी माना जा रहा है।
जनहित में स्थानांतरण की मांग
विधायक भूपेंद्र सिंह ने अपने पत्र में उपमुख्यमंत्री से अनुरोध किया है कि जनहित को सर्वोच्च प्राथमिकता देते हुए इस समस्या का समाधान किया जाए। उन्होंने मांग की है कि जब वित्तीय वर्ष 2026-27 के लिए शराब विक्रय के नए अनुज्ञापत्र जारी किए जाएं, तो इन विवादित दुकानों को उनके वर्तमान स्थानों से हटाकर किसी अन्य उपयुक्त स्थान पर स्थानांतरित करने के लिए संबंधित विभाग को स्पष्ट निर्देश दिए जाएं।
“धार्मिक स्थलों और शिक्षण संस्थानों के समीप शराब विक्रय केंद्र होने के कारण स्थानीय निवासियों, विशेषकर महिलाओं और बच्चों को असुविधा एवं असुरक्षा का सामना करना पड़ रहा है।” — पत्र में उल्लेखित अंश
इस मामले की गंभीरता को देखते हुए पत्र की प्रतिलिपि प्रमुख सचिव (वाणिज्य कर विभाग), आयुक्त (आबकारी विभाग, ग्वालियर) और सागर जिला कलेक्टर को भी भेजी गई है, ताकि सभी स्तरों पर इस संबंध में तत्काल और आवश्यक कार्रवाई सुनिश्चित की जा सके।






