मध्य प्रदेश के मैहर जिले में देर रात हुआ भीषण सड़क हादसा कई परिवारों की खुशियां छीन ले गया। अमरपाटन क्षेत्र में आयोजित जन्मदिन समारोह से लौट रहे युवाओं की XUV कार नेशनल हाईवे-30 पर रिगरा गांव के पास आगे चल रहे ट्रक के पिछले हिस्से से टकरा गई। टक्कर इतनी जबरदस्त थी कि कार पूरी तरह क्षतिग्रस्त हो गई और उसमें बैठे युवक अंदर ही फंस गए। हादसे के बाद मौके पर अफरा-तफरी मच गई और स्थानीय लोगों ने तुरंत पुलिस को सूचना दी।
सूचना मिलते ही डायल-112, हाईवे पेट्रोल और पुलिस टीम मौके पर पहुंची। काफी मशक्कत के बाद कार में फंसे लोगों को बाहर निकाला गया। पांच युवकों की मौके पर ही मौत हो चुकी थी, जबकि एक युवक गंभीर हालत में मिला। उसे पहले अमरपाटन के सिविल अस्पताल ले जाया गया, जहां प्राथमिक इलाज के बाद बेहतर उपचार के लिए सतना जिला अस्पताल रेफर किया गया। इस दर्दनाक घटना के बाद पूरे इलाके में शोक का माहौल है।
मैहर सड़क हादसे में एक ही परिवार के पांच लोगों की मौत
प्रारंभिक जानकारी के अनुसार, हादसे का शिकार हुए सभी युवक एक ही परिवार से जुड़े थे और अमरपाटन जनपद पंचायत के उपाध्यक्ष मनोज पटेल के जन्मदिन समारोह में शामिल होकर लौट रहे थे। बताया जा रहा है कि मृतक जनपद उपाध्यक्ष के साले थे और उनका परिवार क्षेत्र में काफी जाना-पहचाना है। हादसे की खबर मिलते ही परिजन और परिचित अस्पताल पहुंच गए, जहां चीख-पुकार का माहौल बन गया।
पुलिस ने सभी शवों को पोस्टमार्टम के लिए मैहर अस्पताल की मोर्चरी भेज दिया है। अधिकारियों का कहना है कि दुर्घटना किन परिस्थितियों में हुई, इसकी जांच की जा रही है। हादसे के समय वाहन की रफ्तार, सड़क की स्थिति और ट्रक की गति जैसे सभी पहलुओं की जांच होगी। यदि किसी तरह की लापरवाही सामने आती है तो संबंधित लोगों के खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी। पुलिस घटनास्थल से जरूरी साक्ष्य भी जुटा रही है ताकि हादसे की सही वजह सामने आ सके।
हाईवे पर बढ़ते सड़क हादसे चिंता का विषय
नेशनल हाईवे पर होने वाले ऐसे हादसे लगातार चिंता बढ़ा रहे हैं। विशेषज्ञों का मानना है कि रात के समय तेज रफ्तार, आगे चल रहे भारी वाहनों से पर्याप्त दूरी नहीं रखना और थकान की स्थिति में ड्राइविंग करना गंभीर दुर्घटनाओं का कारण बन सकता है। खासकर एसयूवी और अन्य तेज रफ्तार वाहनों में हाईवे पर अतिरिक्त सतर्कता बरतना बेहद जरूरी है।
इस घटना ने एक बार फिर सड़क सुरक्षा को लेकर कई सवाल खड़े कर दिए हैं। सड़क विशेषज्ञों का कहना है कि लंबी दूरी की यात्रा के दौरान निर्धारित गति सीमा का पालन करना, सीट बेल्ट लगाना, पर्याप्त दूरी बनाए रखना और रात में ओवरस्पीड से बचना ऐसे हादसों की संभावना को काफी हद तक कम कर सकता है।
वहीं स्थानीय लोगों ने भी हाईवे पर सुरक्षा व्यवस्था और निगरानी बढ़ाने की मांग की है। फिलहाल मैहर का यह दर्दनाक हादसा पूरे क्षेत्र को गहरे सदमे में छोड़ गया है और जिन परिवारों में जन्मदिन की खुशियां मनाई जा रही थीं, वहां अब मातम पसरा हुआ है।






