वीज़ा नियमों के उल्लंघन पर विदेशी जमातियों को कारावास की सजा,जुर्माना भी तामील

magisterial-inquiry-order-in-burhanpur-case

सीहोर/अनुराग शर्मा

सीहोर जिला न्यायालय द्वारा विदेशी जमातियों को वीजा की शर्तो का उल्लंघन करने पर कारावास व जुर्माने की सजा सुनाई गई है। जिला अभियोजन अधिकारी निर्मला सिंह चौधरी द्वारा बताया गया कि कोतवाली क्ष़ेत्र में प्राप्त सूचनाओं के आधार पर ज्ञात हुआ कि शहर के कस्बा चौकी क्षेत्र स्थित पुख्ता मस्जिद मरकज में कुछ विदेशी नागरिक काफी समय से रूके हुए हैं। इनकी जानकारी लेने पर पता चला कि आधा दर्जन विदेशी नागरिक जो म्यांमार बर्मा से हैं, तथा दिसंबर 2019 से दिसंबर 2020 तक पर्यटन वीजा लेकर संपूर्ण भारत में धार्मिक कार्यक्रमों में शामिल होकर इस्लाम धर्म का प्रचार प्रसार कर रहे हैं। ये सभी दिल्ली स्थित निजामुदीन मरकज में शामिल हुए थे और उसके बाद भोपाल में विभिन्न मस्जिदों में रूककर सीहोर आये। इनके द्वारा वीजा की शर्तो का उल्लघंन करते हुये सीहोर में भी धार्मिक प्रचार प्रसार के उदेश्यी से पुख्ता मस्जिद मरकज में रूकना पाया गया है।

इन विदेशी नागरिकों की जानकारी लेने पर पता चला कि इन्हें पर्यटन वीजा जारी किया था। इनके बारे में सूचना प्राप्त होने के बाद सभी का मेडिकल परीक्षण सिविल सर्जन जिला चिकित्सालय द्वारा कराया गया, जिसके बाद डाक्टर द्वारा उन्हें 14 दिन होम क्वारंटाइन की सलाह दी थी और उन्हें उनके स्थानीय निवास पुख्ता मस्जिद में ही रहने को कहा गया था। लेकिन उनके द्वारा डाक्टर की सलाह न मानते हुये जानबूझकर चोरी छिपे मरकज से बाहर आकर जनसामान्य में घूमते फिरते रहना पाया गया। इनमें दो भारतीय नागरिक एक झारखण्डन व एक बिहार से भी थे। न्याायालय द्वारा सभी आरोपीगण को विदेशी विषयक अधिनियम की धारा 14 एवं आपदा प्रबंधन अधिनियम की धारा 51 बी का उल्लघंन करना पाया जाने से अपराध पंजीबद्ध कर विवेचना में लिया गया है। न्यायाधीश किरण तुमराची धुर्वे मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट सीहोर जिला सीहोर जमातियों को विदेशी विषयक अधिनियम की धारा 14 एवं आपदा प्रबंधन अधिनियम की धारा 51 बी के अंतर्गत सभी आरोपियों को एक-एक माह का कारावास एवं कुल 16 हजार 800 जुर्माना से दंण्डित किया गया है।  शासन की ओर से पैरवी रेखा यादव सहायक जिला अभियोजन अधिकारी जिला द्वारा की गई। ये जानकारी मीडिया सेल प्रभारी केदार सिंह कौरव द्वारा प्रदान की गई है।

Gaurav Sharma
लेखक के बारे में
Gaurav Sharma

निदेशक और संपादक

पत्रकारिता पेशा नहीं ज़िम्मेदारी है और जब बात ज़िम्मेदारी की होती है तब ईमानदारी और जवाबदारी से दूरी बनाना असंभव हो जाता है। एक पत्रकार की जवाबदारी समाज के लिए उतनी ही आवश्यक होती है जितनी परिवार के लिए क्यूंकि समाज का हर वर्ग हर शख्स पत्रकार पर आंख बंद कर उस तरह ही भरोसा करता है जितना एक परिवार का सदस्य करता है। पत्रकारिता मनुष्य को समाज के हर परिवेश हर घटनाक्रम से अवगत कराती है, यह इतनी व्यापक है कि जीवन का कोई भी पक्ष इससे अछूता नहीं है। यह समाज की विकृतियों का पर्दाफाश कर उन्हे नष्ट करने में हर वर्ग की मदद करती है। इसलिए पं. कमलापति त्रिपाठी ने लिखा है कि," ज्ञान और विज्ञान, दर्शन और साहित्य, कला और कारीगरी, राजनीति और अर्थनीति, समाजशास्त्र और इतिहास, संघर्ष तथा क्रांति, उत्थान और पतन, निर्माण और विनाश, प्रगति और दुर्गति के छोटे-बड़े प्रवाहों को प्रतिबिंबित करने में पत्रकारिता के समान दूसरा कौन सफल हो सकता है। View all posts by Gaurav Sharma →
Follow Us :GoogleNews