
BJP burns Baraiya’s effigy
अनुसूचित वर्ग की लड़कियों एवं महिलाओं को लेकर अभद्र टिप्पणी करने वाले कांग्रेस विधायक फूल सिंह बरैया के बयान के बाद मध्य प्रदेश में सियासत तेज हो गई है, हालाँकि कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष जीतू पटवारी ने बरैया के बयान से किनारा करते हुए उसे उनका निजी विचार बताया है लेकिन भाजपा इसे लेकर हमलावर है और बरैया का पुतला फूंक रही है।
कांग्रेस विधायक फूलसिंह बरैया ने एक इंटरव्यू में अनुसूचित वर्ग की महिलाओं और लड़कियों को लेकर अभद्र टिप्पणी की थी जो सोशल मीडिया पर वायरल हो रही है। फूल सिंह बरैया ने रुद्रयामल तंत्र नाम के धर्मग्रंथ का हवाला देते हुए कहा कि इसमें वर्णित है कि अनुसूचित वर्ग की कन्या से सहवास करने पर काशी तीर्थ का फल मिलता है इसी कारण हरिजन और आदिवासी लड़कियों का दैहिक शोषण बहुत ज्यादा होते हैं। इसके साथ ही उन्होंने यह कहा था कि अतिसुंदर स्त्री को देख कर किसी का भी मन विचलित हो सकता है और रेप जैसी घटनाएं हो सकती हैं।
भाजपा ने फूंका कांग्रेस विधायक का पुतला
कांग्रेस विधायक के इस बयान की चौतरफा थू थू हो रही है और महिलाओं मे इस बयान को लेकर काफी आक्रोशित है। भारतीय जनता पार्टी सिंगरौली ने कांग्रेस विधायक के इस कृत्य पर अपना आक्रोश प्रकट करते हुए उनके खिलाफ प्रदर्शन किया तथा फूल सिंह का पुतला फूंककर आक्रोश व्यक्त किया। भारतीय जनता पार्टी जिलाध्यक्ष सिंगरौली के नेतृत्व मे तथा पंचायत विकास राज्यमंत्री राधा सिंह, विधायक सिंगरौली रामनिवास शाह, विधायक देवसर राजेंद्र मेश्राम एवं प्रदेश कार्यसमिति सदस्य गिरीश द्विवेदी की विशेष उपस्थिति में महिला मोर्चा जिलाध्यक्ष सीमा जायसवाल एवं मोर्चा पदाधिकारियों तथा कार्यकर्ताओं द्वारा अंबेडकर चौक पर फूल सिंह बरैया का पुतला दहन किया तथा तत्काल प्रभाव से उनकी विधानसभा सदस्यता खत्म करने एवं कांग्रेस पार्टी से निष्कासित करने की मांग की।
बरैया की मानसिकता महिला एवं दलित विरोधी
भाजपा नेताओं ने कहा कि फूल सिंह बरैया की मानसिक स्थिति संतुलित नहीं है और उनकी मानसिकता भी महिला एवं दलित विरोधी है। स्वयं दलित समाज का प्रतिनिधित्व करने वाला और दो बेटियों का पिता ऐसी घृणित बात कहे ये समझ से परे है। कांग्रेस अगर ऐसे विधायक पर कार्रवाई नहीं करती तो कांग्रेस भी महिला और दलित विरोधी मानी जायेगी। भाजपा नेताओं ने कहा कि ऐसे लोग समाज पर कलंक की तरह हैं जो सार्वजनिक रूप से ऐसी बातें कर रहे हैं इनको समाज से बहिष्कृत कर देना चाहिए और दलित समुदाय को इनसे दूरी बनानी चाहिए।
राघवेन्द्र सिंह गहरवार की रिपोर्ट
पत्रकारिता में तीन दशक से अधिक का अनुभव.

