अहमदाबाद के नरेंद्र मोदी स्टेडियम में आज होने वाले आईसीसी टी20 वर्ल्ड कप 2026 फाइनल से पहले भारत-न्यूजीलैंड मुकाबले का एक आंकड़ा खास तौर पर चर्चा में है: दोनों टीमों के बीच टी20 इंटरनेशनल में अब तक केवल चार बल्लेबाज शतक लगा सके हैं। यह संख्या अपने आप में बताती है कि इस प्रतिद्वंद्विता में बड़ी पारी खेलना आसान नहीं रहा।
इस सूची की शुरुआत न्यूजीलैंड के कॉलिन मुनरो से होती है, जबकि बाद के तीन शतक भारतीय बल्लेबाजों के नाम हैं। दिलचस्प यह भी है कि तीनों भारतीय शतक अलग-अलग भूमिकाओं वाले खिलाड़ियों ने लगाए—एक मिडिल ऑर्डर आक्रामक बल्लेबाज, एक टॉप ऑर्डर बल्लेबाज और एक विकेटकीपर-बल्लेबाज।
भारत-न्यूजीलैंड टी20I में शतक: अब तक का पूरा रिकॉर्ड
पहला शतक 4 नवंबर 2017 को राजकोट में आया, जब न्यूजीलैंड के कॉलिन मुनरो ने 58 गेंदों पर नाबाद 109 रन बनाए। उनकी पारी में 7 चौके और 7 छक्के शामिल थे। स्ट्राइक रेट करीब 188 रहा। भारत के खिलाफ उस दौर में मुनरो की यह पारी न्यूजीलैंड के लिए मैच की दिशा तय करने वाली साबित हुई थी और इस हेड-टू-हेड में पहली सेंचुरी के तौर पर दर्ज है।
दूसरा शतक 20 नवंबर 2022 को माउंट माउंगानुई में भारत के सूर्यकुमार यादव ने लगाया। उन्होंने 51 गेंदों पर नाबाद 111 रन बनाए, जिसमें 11 चौके और 7 छक्के थे। उनका स्ट्राइक रेट 217 से ऊपर रहा। यह पारी इसलिए भी अलग रही क्योंकि उन्होंने 360-डिग्री शॉट मेकिंग के साथ पावर और गैप-फाइंडिंग दोनों का संतुलन दिखाया।
तीसरा शतक 1 फरवरी 2023 को अहमदाबाद में दर्ज हुआ, जहां शुभमन गिल ने 63 गेंदों पर नाबाद 126 रन बनाए। गिल ने 12 चौके और 7 छक्के लगाए और स्ट्राइक रेट 200 रहा। यह पारी बड़ी साझेदारी और अंत तक टिके रहने के साथ तेज रनगति बनाए रखने का उदाहरण मानी जाती है।
चौथा और सबसे ताजा शतक 31 जनवरी 2026 को तिरुवनंतपुरम में भारत के विकेटकीपर बल्लेबाज ईशान किशन ने बनाया। उन्होंने 43 गेंदों पर 103 रन ठोके, 6 चौके और 10 छक्के लगाए। उनका स्ट्राइक रेट करीब 240 रहा, जो इस लिस्ट में सबसे तेज पारियों में से एक है।
भारतीय बल्लेबाजों का दबदबा, लेकिन शुरुआत न्यूजीलैंड से
रिकॉर्ड पर नजर डालें तो भारत-न्यूजीलैंड टी20I में कुल चार शतकों में से तीन भारत के नाम हैं। हालांकि, पहला शतक न्यूजीलैंड के बल्लेबाज ने लगाया था। इसका मतलब यह है कि समय के साथ भारतीय बल्लेबाजी ने इस मुकाबले में तेजी से बढ़त बनाई, लेकिन न्यूजीलैंड भी शुरुआत से बड़े स्कोर की क्षमता दिखाता रहा है।
इन चारों पारियों में एक समान बात दिखती है—तेज स्ट्राइक रेट और बाउंड्री प्रतिशत। चारों शतक या तो नाबाद रहे या मैच के अंत तक प्रभावी बने रहे। यह संकेत देता है कि इस प्रतिद्वंद्विता में शतक तभी बनता है जब बल्लेबाज सिर्फ टिकता नहीं, लगातार अटैक भी करता है।
फाइनल में रिकॉर्ड बढ़ने की संभावना क्यों चर्चा में है
आज का फाइनल अहमदाबाद में है, जहां पिछले वर्षों में बड़े स्कोर वाले मैच देखने को मिले हैं। ऐसे में दोनों टीमों के बल्लेबाजों के पास इस सूची में नया नाम जोड़ने का मौका रहेगा। खासकर पावरप्ले में तेज शुरुआत और डेथ ओवर्स में हिटिंग—दोनों कारक शतक की दिशा तय कर सकते हैं।
मैच का संदर्भ भी बड़ा है: टी20 वर्ल्ड कप का फाइनल, दो मजबूत टीमें, और दबाव वाली रात। इसी वजह से भारत-न्यूजीलैंड टी20I शतक रिकॉर्ड पर फिर नजर है—क्या सूची चार से आगे बढ़ेगी, या यह आंकड़ा फिलहाल यहीं रुकेगा, इसका जवाब आज के मुकाबले में मिलेगा।






