T20 वर्ल्ड कप फाइनल से पहले गोरखपुर में क्रिकेट का उत्साह धार्मिक अनुष्ठान के साथ दिखा। विहिम (विश्व हिंदू महासंघ) के पदाधिकारी और कार्यकर्ता 7 मार्च, शनिवार को गोलघर स्थित काली मंदिर पहुंचे और भारत की जीत के लिए यज्ञ-हवन कराया। आयोजन में हनुमान चालीसा का पाठ भी हुआ।
8 मार्च को अहमदाबाद में भारत और न्यूजीलैंड के बीच फाइनल मुकाबला होना है। इसी मुकाबले को देखते हुए शहर में अलग-अलग स्तर पर टीम इंडिया के समर्थन में गतिविधियां हो रही हैं। विहिम के कार्यक्रम में शामिल लोगों ने मंत्रोच्चार किया और टीम इंडिया के खिलाड़ियों के पोस्टर हाथ में लेकर नारे भी लगाए।
फाइनल से पहले धार्मिक अनुष्ठान, पोस्टर के साथ समर्थन
गोलघर काली मंदिर में जुटे कार्यकर्ताओं ने कहा कि यह आयोजन केवल धार्मिक कार्यक्रम नहीं, बल्कि टीम इंडिया के लिए सामूहिक शुभकामना है। हवन के दौरान भारत की जीत की प्रार्थना की गई और पूरा माहौल फाइनल मुकाबले पर केंद्रित रहा।
मंदिर परिसर में मौजूद पदाधिकारियों ने कहा कि देशभर में लोग अपनी-अपनी परंपरा के अनुसार जीत की कामना कर रहे हैं और गोरखपुर में यह उसी भावना का हिस्सा है। आयोजन के दौरान किसी राजनीतिक या प्रशासनिक घोषणा की बात सामने नहीं आई, कार्यक्रम पूरी तरह टीम इंडिया के समर्थन पर केंद्रित रहा।
राधाकांत वर्मा ने जताया जीत का भरोसा
“हमने T20 वर्ल्ड कप फाइनल में भारत की जीत के लिए माता काली के दरबार में यज्ञ-हवन और हनुमान चालीसा का पाठ किया है। हमें विश्वास है कि माता काली हमारी मनोकामना पूर्ण करेंगी।” — राधाकांत वर्मा, प्रांत संयोजक, विहिम
राधाकांत वर्मा ने कहा कि उनका अनुभव रहा है कि जब-जब माता काली के दरबार में इस तरह का अनुष्ठान किया गया, भारत को जीत मिली। उन्होंने टीम संयोजन और खिलाड़ियों के मौजूदा प्रदर्शन का भी उल्लेख किया। उनके अनुसार भारत के कप्तान सूर्यकुमार यादव और संजू सैमसन अच्छा खेल रहे हैं, बैटिंग लाइनअप संतुलित है और फील्डिंग भी मजबूत दिख रही है।
पदाधिकारियों का दावा: टीम दमदार फॉर्म में
विहिम के पदाधिकारी विश्वनाथ वर्मा, शिव वर्मा और सुनील गुप्ता ने कहा कि टीम इंडिया में युवा खिलाड़ियों का जोश साफ दिख रहा है। उनका कहना था कि पाकिस्तान और इंग्लैंड के खिलाफ मैचों में भारत ने जीत दर्ज की है, जिससे फाइनल से पहले आत्मविश्वास बढ़ा है।
उन्होंने कहा कि बल्लेबाजी से लेकर फील्डिंग तक टीम का प्रदर्शन संतुलित है और यही वजह है कि फाइनल को लेकर समर्थकों में उम्मीद मजबूत है। इसी विश्वास के साथ काली मंदिर में हवन और हनुमान चालीसा का पाठ किया गया।
गोरखपुर का यह आयोजन बताता है कि बड़े मैचों से पहले खेल और आस्था का मिश्रण कैसे सार्वजनिक माहौल का हिस्सा बन जाता है। अब नजर 8 मार्च के अहमदाबाद फाइनल पर है, जहां भारत और न्यूजीलैंड के बीच ट्रॉफी के लिए मुकाबला होगा।






