भारत और इंग्लैंड के बीच पांच मैचों की टी20 सीरीज का तीसरा मुकाबला आज खेला जाएगा। दरअसल शुरुआती मैचों के बाद सीरीज का रुख इंग्लैंड की ओर झुकता दिख रहा है ऐसे में भारतीय टीम के सामने वापसी की चुनौती है। वहीं अगर भारत इस मुकाबले में जीत दर्ज करता है तो सीरीज में बने रहने की उम्मीद मजबूत होगी जबकि हार से सीरीज जीतने की उम्मीद खत्म हो जाएगी।
दरअसल भारतीय टीम के लिए यह मैच सिर्फ सीरीज जीतने के लिए ही नहीं बल्कि आत्मविश्वास का भी इम्तिहान है। टीम मैनेजमेंट की नजर बल्लेबाजी और गेंदबाजी दोनों विभागों में बेहतर संतुलन बनाने पर रहेगी। पिछले मुकाबलों में कुछ खिलाड़ियों ने अच्छी झलक दिखाई, लेकिन टीम अच्छा प्रदर्शन नहीं कर सकी। ऐसे में तीसरे टी20 में रणनीति और प्लेइंग इलेवन दोनों अहम भूमिका निभा सकते हैं।
भारत से वापसी की उम्मीद
वहीं भारतीय टीम की सबसे बड़ी ताकत उसकी युवा बल्लेबाजी मानी जा रही है। ओपनिंग से लेकर मिडिल ऑर्डर तक कई ऐसे खिलाड़ी हैं जो अकेले दम पर मैच का रुख बदल सकते हैं। ईशान किशन से तेज शुरुआत की उम्मीद रहेगी, जबकि अभिषेक शर्मा और तिलक वर्मा जैसे बल्लेबाज मध्यक्रम को मजबूती देने की कोशिश करेंगे। कप्तान श्रेयस अय्यर के लिए भी यह मुकाबला अहम रहेगा क्योंकि टीम को मुश्किल परिस्थितियों से बाहर निकालने की जिम्मेदारी उन्हीं पर होगी।
अर्शदीप सिंह और हर्षित राणा पर रहेंगी नजरें
वहीं गेंदबाजी में अर्शदीप सिंह और हर्षित राणा से शुरुआती विकेट की उम्मीद होगी। स्पिन विभाग में टीम संयोजन को लेकर बदलाव की चर्चा भी है। यदि पिच बल्लेबाजों के लिए मददगार रहती है तो अतिरिक्त ऑलराउंडर को मौका दिया जा सकता है, जिससे बल्लेबाजी भी गहरी हो सके। टीम मैनेजमेंट का फोकस इस बार शुरुआती ओवरों में विकेट लेने और डेथ ओवरों में रन रोकने पर रहेगा। यही दो क्षेत्र पिछले मुकाबलों में भारत के लिए चुनौती बने थे।
ट्रेंट ब्रिज पिच रिपोर्ट पर डालें नजर
दरअसल नॉटिंघम का ट्रेंट ब्रिज मैदान आम तौर पर बल्लेबाजों के लिए अनुकूल माना जाता है। यहां तेज आउटफील्ड और छोटी बाउंड्री के कारण बड़े स्कोर देखने को मिलते हैं। अगर मौसम साफ रहता है तो दर्शकों को एक हाई-स्कोरिंग मुकाबला देखने को मिल सकता है। टॉस जीतने वाली टीम परिस्थितियों को देखते हुए पहले गेंदबाजी का फैसला कर सकती है, क्योंकि इस मैदान पर लक्ष्य का पीछा करने वाली टीमों का रिकॉर्ड बेहतर माना जाता है।
प्लेइंग-11
इंग्लैंड- फिल सॉल्ट, जोस बटलर (विकेटकीपर), हैरी ब्रूक (कप्तान), जैकब बेथेल, टॉम बैंटन, सैम करन, विल जैक्स, लियम डॉसन, आदिल रशीद, जोफ्रा आर्चर, जोश टंग।
भारत- अभिषेक शर्मा, वैभव सूर्यवंशी, ईशान किशन (विकेटकीपर), श्रेयस अय्यर (कप्तान), तिलक वर्मा, शिवम दुबे, अक्षर पटेल, हर्षित राणा, अर्शदीप सिंह, वॉशिंगटन सुंदर/प्रिंस यादव, वरुण चक्रवर्ती।






