मुंबई के वानखेड़े स्टेडियम में खेले गए टी-20 वर्ल्ड कप के दूसरे सेमीफाइनल में भारत ने इंग्लैंड के सामने 254 रन का लक्ष्य रख दिया। इंग्लैंड ने टॉस जीतकर पहले गेंदबाजी चुनी, लेकिन भारतीय बल्लेबाजी ने शुरुआत से ही रन गति ऊंची रखी और 20 ओवर में 7 विकेट पर 253 रन बना दिए।
यह इस टी-20 वर्ल्ड कप का दूसरा सबसे बड़ा स्कोर रहा। टूर्नामेंट इतिहास का सबसे बड़ा स्कोर 260 रन है, जो 2007 में श्रीलंका ने केन्या के खिलाफ बनाया था। मौजूदा संस्करण में भारत का यह दूसरा 250 प्लस स्कोर है; इससे पहले सुपर-8 में जिम्बाब्वे के खिलाफ टीम ने 256 रन बनाए थे।
सैमसन की 89 रन की पारी ने बदला मैच का टेम्पो
भारतीय पारी में सबसे बड़ा योगदान संजू सैमसन का रहा, जिन्होंने 89 रन बनाए। उनका विकेट 14वें ओवर की पहली गेंद पर गिरा, जब विल जैक्स की गेंद पर फिल सॉल्ट ने डीप कवर में कैच लिया। सैमसन के आउट होने तक भारत मजबूत स्थिति में पहुंच चुका था और रन रेट लगातार ऊंचा बना हुआ था।
मिडिल ओवर में ईशान किशन ने 39 रन की उपयोगी पारी खेली। आदिल रशीद ने उन्हें आउट किया और बाद में सूर्यकुमार यादव को भी 11 रन पर स्टंप कराया। सूर्यकुमार का विकेट भी इंग्लैंड के लिए अहम मोड़ माना गया, क्योंकि उस समय भारत तेजी से 200 की तरफ बढ़ रहा था।
200 पार करने के बाद आखिरी ओवरों में आक्रामक रुख
17वें ओवर की पांचवीं गेंद पर भारत ने 200 रन का आंकड़ा पार किया। हार्दिक पंड्या ने जैमी ओवरटन की गेंद को मिडऑफ की दिशा में चौके के लिए भेजा और टीम ने दबाव पूरी तरह इंग्लैंड पर डाल दिया।
इसके बाद शिवम दुबे ने 43 रन की तेज पारी खेलकर डेथ ओवर्स में रन गति को बनाए रखा। हालांकि 18वें ओवर में वह रनआउट हो गए। इंग्लैंड के कप्तान हैरी ब्रूक ने डायरेक्ट थ्रो से उन्हें पवेलियन भेजा।
डेथ ओवरों का एक और बड़ा पल 19वें ओवर में आया। जोफ्रा आर्चर ने तिलक वर्मा को 21 रन पर बोल्ड किया, लेकिन उससे पहले तिलक ने उसी ओवर में तीन छक्के जड़कर स्कोर को और ऊपर पहुंचाया। सैम करन के एक ओवर में तिलक के हेलमेट पर गेंद लगने के कारण खेल कुछ देर रुका भी, फिर पारी आगे बढ़ी।
हार्दिक पंड्या ने 27 और तिलक वर्मा ने 21 रन जोड़े। टीम इंडिया की पारी में कुल दो बल्लेबाज रनआउट हुए। ओवर-दर-ओवर तेजी से रन जोड़ने की वजह से भारत 253 तक पहुंचा, जो सेमीफाइनल जैसे मैच में बड़ा स्कोर माना जा रहा है।
इंग्लैंड की गेंदबाजी: जैक्स और आदिल सबसे असरदार
इंग्लैंड की ओर से विल जैक्स और आदिल रशीद ने 2-2 विकेट लिए। जैक्स ने पावरप्ले के भीतर अभिषेक शर्मा को 9 रन पर आउट किया और बाद में सैमसन का बड़ा विकेट हासिल किया। आदिल ने ईशान किशन और सूर्यकुमार यादव, दोनों को आउट कर मिडिल ओवर में वापसी की कोशिश कराई।
जोफ्रा आर्चर को एक विकेट मिला। इसके अलावा इंग्लैंड को दो रनआउट से सफलता मिली, लेकिन भारतीय बल्लेबाजों की लगातार बाउंड्री और स्ट्राइक रोटेशन के सामने गेंदबाजी इकाई निर्णायक ब्रेकथ्रू नहीं निकाल सकी।
दोनों टीमों की प्लेइंग-11
भारत: संजू सैमसन (विकेटकीपर), अभिषेक शर्मा, ईशान किशन, सूर्यकुमार यादव, हार्दिक पंड्या, तिलक वर्मा, शिवम दुबे, अक्षर पटेल, अर्शदीप सिंह, जसप्रीत बुमराह और वरुण चक्रवर्ती।
इंग्लैंड: फिल सॉल्ट, जोस बटलर (विकेटकीपर), जैकब बेथेल, टॉम बैंटन, हैरी ब्रूक (कप्तान), सैम करन, विल जैक्स, लियम डॉसन, जैमी ओवरटन, जोफ्रा आर्चर और आदिल रशीद।
पहले बल्लेबाजी का फैसला भारत के पक्ष में गया और अब इंग्लैंड के सामने 254 रन का बड़ा लक्ष्य है। सेमीफाइनल जैसे नॉकआउट मुकाबले में इस स्कोर का पीछा करना आसान नहीं होगा, खासकर तब जब भारत ने पावरप्ले से लेकर डेथ ओवर तक रन बनाने की रफ्तार लगभग हर चरण में बनाए रखी।






