Hindi News

IPL की सबसे महंगी टीम बनी राजस्थान रॉयल्स, 15 हजार करोड़ में अमेरिकी बिजनेसमैन ने खरीदा

Written by:Rishabh Namdev
Published:
IPL फ्रेंचाइजी राजस्थान रॉयल्स 15,289 करोड़ रुपये (1.63 बिलियन डॉलर) की रिकॉर्ड कीमत पर बिक गई है, जिससे यह लीग की सबसे महंगी टीम बन गई है। भारतीय मूल के अमेरिकी बिजनेसमैन काल सोमानी के कंसोर्टियम ने यह अधिग्रहण किया है, जिसने लखनऊ सुपर जायंट्स के पुराने रिकॉर्ड को तोड़ दिया।
IPL की सबसे महंगी टीम बनी राजस्थान रॉयल्स, 15 हजार करोड़ में अमेरिकी बिजनेसमैन ने खरीदा

इंडियन प्रीमियर लीग (IPL) के इतिहास में एक नया कीर्तिमान स्थापित हो गया है। राजस्थान रॉयल्स (RR) फ्रेंचाइजी को भारतीय मूल के अमेरिकी बिजनेसमैन काल सोमानी और उनके कंसोर्टियम ने रिकॉर्ड 1.63 बिलियन डॉलर, यानी लगभग ₹15,289 करोड़ में खरीद लिया है। इस सौदे के साथ ही राजस्थान रॉयल्स अब IPL की सबसे महंगी टीम बन गई है।

न्यूज एजेंसी PTI के सूत्रों के अनुसार, सोमानी के कंसोर्टियम द्वारा लगाई गई इस सबसे बड़ी बोली को स्वीकार कर लिया गया है। इस अधिग्रहण ने 2021 में संजीव गोयनका के RPSG ग्रुप द्वारा ₹7,090 करोड़ में खरीदी गई लखनऊ सुपर जायंट्स (LSG) के रिकॉर्ड को काफी पीछे छोड़ दिया है।

कीमत में 24 गुना का विशाल उछाल

राजस्थान रॉयल्स की वैल्यू में यह उछाल हैरान करने वाला है। 2008 में जब IPL की शुरुआत हुई थी, तब इस फ्रेंचाइजी को केवल 67 मिलियन डॉलर (उस समय लगभग ₹260-270 करोड़) में खरीदा गया था। अगर उस 67 मिलियन डॉलर का आज के हिसाब से मूल्यांकन करें तो यह करीब ₹628 करोड़ होता है।

अब 2026 में टीम की बिक्री लगभग ₹15,289 करोड़ में हुई है। इसका मतलब है कि 2008 की तुलना में टीम की कीमत में करीब 24 गुना की बढ़ोतरी हुई है, जो IPL की ब्रांड वैल्यू और व्यावसायिक सफलता को दर्शाता है।

कई बड़े ग्रुप थे रेस में शामिल

राजस्थान रॉयल्स को खरीदने की दौड़ में कई बड़े नाम शामिल थे। अंतिम बोली प्रक्रिया में चार प्रमुख समूह प्रतिस्पर्धा कर रहे थे। काल सोमानी के कंसोर्टियम के अलावा आदित्य बिड़ला ग्रुप, टाइम्स ऑफ इंडिया ग्रुप और कैपरी ग्लोबल भी फ्रेंचाइजी खरीदने के प्रबल दावेदार थे। हालांकि, सोमानी ने सबसे ऊंची बोली लगाकर बाजी मार ली।

कौन हैं नए मालिक काल सोमानी?

काल सोमानी टेक्नोलॉजी और निवेश की दुनिया में एक जाना-पहचाना नाम हैं। उन्होंने एड-टेक, डेटा प्राइवेसी, AI गवर्नेंस और स्पोर्ट्स टेक जैसे क्षेत्रों में कई सफल वैश्विक कंपनियां बनाई हैं। सोमानी राजस्थान रॉयल्स के लिए नए नहीं हैं। वह 2021 से ही फ्रेंचाइजी में एक निवेशक के तौर पर जुड़े हुए थे।

उस समय निवेश करते हुए उन्होंने कहा था कि उन्हें IPL के भविष्य में बड़ी संभावनाएं दिख रही हैं। इस सौदे से पहले, टीम में सबसे बड़ी हिस्सेदारी (65%) ब्रिटिश-भारतीय व्यवसायी मनोज बदाले के पास थी।

टीम का इतिहास: पहले सीजन की चैंपियन और 2 साल का बैन

शेन वॉर्न की कप्तानी में राजस्थान रॉयल्स ने 2008 में IPL का पहला खिताब जीतकर इतिहास रचा था। हालांकि, उस सफलता के बाद टीम का प्रदर्शन उतार-चढ़ाव भरा रहा। 2008 के बाद टीम केवल एक बार 2022 में फाइनल तक पहुंची, जहां उसे गुजरात टाइटंस से हार का सामना करना पड़ा।

टीम का इतिहास विवादों से भी जुड़ा रहा है। 2015 के स्पॉट-फिक्सिंग मामले में टीम के तत्कालीन सह-मालिक राज कुंद्रा को दोषी पाए जाने के बाद लोढ़ा समिति ने राजस्थान रॉयल्स और चेन्नई सुपर किंग्स पर दो साल (2016 और 2017) का प्रतिबंध लगा दिया था। टीम ने 2018 में IPL में वापसी की थी।

Rishabh Namdev
लेखक के बारे में
मैं ऋषभ नामदेव खेल से लेकर राजनीति तक हर तरह की खबर लिखने में सक्षम हूं। मैं जर्नलिज्म की फील्ड में पिछले 4 साल से काम कर रहा हूं। View all posts by Rishabh Namdev
Follow Us :GoogleNews