वेस्टइंडीज के अनुभवी तेज गेंदबाज केमार रोच ने टेस्ट क्रिकेट में 300 विकेट पूरे कर अपने करियर का एक और बड़ा मुकाम हासिल किया है। दरअसल उन्होंने श्रीलंका के खिलाफ टेस्ट मैच के दौरान यह उपलब्धि हासिल की। इसके बाद क्रिकेट वेस्टइंडीज (CWI) ने घोषणा की कि रोच को उनकी इस उपलब्धि के लिए औपचारिक सम्मान दिया जाएगा। बता दें कि यह सम्मान न्यूजीलैंड के खिलाफ वनडे सीरीज के पांचवें और अंतिम मुकाबले के इनिंग्स ब्रेक के दौरान केंसिंग्टन ओवल में आयोजित कार्यक्रम में दिया जाएगा।
दरअसल केमार रोच पिछले कई वर्षों से वेस्टइंडीज की तेज गेंदबाजी आक्रमण का अहम हिस्सा रहे हैं। लगातार प्रदर्शन और लंबे करियर के दम पर उन्होंने टेस्ट क्रिकेट में यह खास मुकाम हासिल किया है। 300 विकेट पूरे करने के बाद उनका नाम वेस्टइंडीज क्रिकेट के सबसे सफल टेस्ट गेंदबाजों की सूची में दर्ज हो गया है।
टेस्ट में 300 विकेट लेने वाले वेस्टइंडीज के पांचवें गेंदबाज बने
दरअसल 300 टेस्ट विकेट पूरे करने के साथ केमार रोच वेस्टइंडीज के पांचवें ऐसे गेंदबाज बन गए हैं जिन्होंने यह उपलब्धि हासिल की है। उनसे पहले कर्टनी वॉल्श (519), कर्टली एम्ब्रोस (405), मैल्कम मार्शल (376) और लांस गिब्स (305) यह मुकाम हासिल कर चुके हैं। वहीं बारबाडोस से यह रिकॉर्ड बनाने वाले वह दूसरे खिलाड़ी हैं। क्रिकेट वेस्टइंडीज ने बताया कि न्यूजीलैंड के खिलाफ होने वाले वनडे मैच के दौरान उनके सम्मान में विशेष कार्यक्रम आयोजित किया जाएगा।
इनिंग्स ब्रेक में किया जाएगा आयोजन
वहीं इस कार्यक्रम में क्रिकेट वेस्टइंडीज के अधिकारियों के साथ बारबाडोस सरकार और बारबाडोस क्रिकेट एसोसिएशन के प्रतिनिधि भी मौजूद रहेंगे। सम्मान समारोह का आयोजन मैच के इनिंग्स ब्रेक में किया जाएगा, ताकि दर्शकों के सामने रोच की उपलब्धि का जश्न मनाया जा सके। क्रिकेट वेस्टइंडीज के अध्यक्ष किशोर शैलो ने कहा कि केमार रोच ने लंबे समय तक वेस्टइंडीज का शानदार प्रतिनिधित्व किया है और उनकी उपलब्धि पूरे कैरेबियाई क्रिकेट के लिए गर्व की बात है। उन्होंने इस उपलब्धि पर रोच को बधाई भी दी।
2009 में टेस्ट डेब्यू से 300 विकेट तक का सफर
दरअसल केमार रोच ने साल 2009 में बांग्लादेश के खिलाफ अपना टेस्ट डेब्यू किया था। इसके बाद उन्होंने लगातार वेस्टइंडीज की ओर से खेलते हुए टीम के प्रमुख तेज गेंदबाज के रूप में अपनी पहचान बनाई। अपनी सटीक लाइन-लेंथ, गेंद को दोनों दिशाओं में मूव कराने की क्षमता और नई गेंद से शुरुआती विकेट लेने की कला के कारण वह लंबे समय तक टीम के भरोसेमंद गेंदबाज बने रहे। वहीं अब तक खेले गए 89 टेस्ट मैचों में रोच ने 26.83 की औसत से 300 विकेट अपने नाम किए हैं। इस दौरान उन्होंने 12 बार एक पारी में पांच या उससे ज्यादा विकेट लेने का कारनामा किया है। इसके अलावा वह एक टेस्ट मैच में 10 विकेट लेने की उपलब्धि भी हासिल कर चुके हैं।






