भारत और श्रीलंका के बीच दूसरा टेस्ट ड्रॉ होने के बाद वर्ल्ड टेस्ट चैंपियनशिप (WTC) फाइनल की दौड़ एक बार फिर चर्चा में है। दरअसल टीम इंडिया सीरीज तो 1-0 से जीत गई लेकिन ड्रॉ के कारण पॉइंट्स टेबल में बड़ा फायदा नहीं मिल सका। मैच खत्म होने के बाद कप्तान शुभमन गिल ने साफ कहा कि टीम अभी भी फाइनल की उम्मीद नहीं छोड़ रही है और आगे आने वाली सीरीज पर पूरा फोकस रहेगा।
दरअसल श्रीलंका दौरे पर पहला टेस्ट जीतने के बाद भारत के पास सीरीज 2-0 से खत्म करने का मौका था लेकिन कोलंबो टेस्ट ड्रॉ पर खत्म हुआ। इस नतीजे से टीम का पॉइंट्स प्रतिशत कम हुआ और चौथे स्थान पर पहुंचने का मौका भी हाथ से निकल गया। इसके बावजूद भारतीय कप्तान ने कहा कि टीम आने वाले मुकाबलों को निर्णायक मानकर तैयारी करेगी और फाइनल की दौड़ में बने रहने की पूरी कोशिश करेगी।
शुभमन गिल ने WTC फाइनल को लेकर क्या कहा?
वहीं कोलंबो टेस्ट के बाद पोस्ट मैच प्रेजेंटेशन में शुभमन गिल ने कहा कि भारतीय टीम की नजर अब आगे की सीरीज पर है। उन्होंने बताया कि नवंबर में न्यूजीलैंड का दौरा टीम के लिए बेहद अहम होगा और उसके बाद घरेलू मैदान पर भी महत्वपूर्ण टेस्ट मुकाबले खेले जाएंगे। गिल ने कहा कि जब तक फाइनल में पहुंचने की संभावना बनी हुई है, तब तक टीम पूरे विश्वास के साथ मैदान पर उतरेगी। कप्तान के बयान से साफ है कि टीम इस ड्रॉ को अंतिम झटका नहीं मान रही, बल्कि आगे की रणनीति पर काम कर रही है। श्रीलंका के खिलाफ सीरीज जीतने से भारत को आत्मविश्वास जरूर मिला है, लेकिन WTC में लगातार अंक जुटाना अब सबसे बड़ी चुनौती होगी।
WTC Points Table में भारत की स्थिति पर नजर डालें
दरअसल दूसरा टेस्ट ड्रॉ होने के बाद भारत का वर्ल्ड टेस्ट चैंपियनशिप पॉइंट्स प्रतिशत 53.33 से घटकर 51.51 हो गया है। टीम फिलहाल पांचवें स्थान पर बनी हुई है। अगर कोलंबो टेस्ट जीत जाती तो चौथे स्थान तक पहुंचने का मौका मिल सकता था। अब आगे के मुकाबलों में बेहतर प्रदर्शन करना और लगातार जीत दर्ज करना भारत के लिए और ज्यादा जरूरी हो गया है। ऑस्ट्रेलिया, दक्षिण अफ्रीका और न्यूजीलैंड जैसी टीमें फिलहाल बेहतर स्थिति में हैं, इसलिए भारत को आने वाली हर टेस्ट सीरीज को काफी गंभीरता से खेलना होगा। खास तौर पर न्यूजीलैंड दौरा टीम के लिए अहम माना जा रहा है, क्योंकि वहां अच्छे नतीजे मिलने से भारत फिर से मजबूत दावेदारी पेश कर सकता है। इसके बाद घरेलू मैदान पर मिलने वाले मुकाबले भी भारत के लिए अंक जुटाने का बड़ा मौका होंगे।






