टी20 वर्ल्ड कप 2026 के ग्रुप स्टेज के 32वें मैच में जिम्बाब्वे और आयरलैंड की टीमों के बीच मुकाबला खेला जाना था, लेकिन मौसम ने अहम भूमिका निभाते हुए पूरे खेल को बाधित कर दिया। श्रीलंका के पल्लेकेले स्टेडियम में लगातार बारिश होने के कारण टॉस तक नहीं हो सका। मैदान पर एक भी गेंद फेंके बिना अंततः मैच को रद्द घोषित कर दिया गया।
इस रद्दीकरण का सबसे बड़ा असर यह रहा कि जिम्बाब्वे की टीम सुपर-8 राउंड में पहुंचने में कामयाब रही और चैंपियन ऑस्ट्रेलिया का सफर इसी मुकाम पर खत्म हो गया। मैच रद्द होने के बाद दोनों टीमों को एक-एक अंक मिला।
पांच पॉइंट्स लेकर जिम्बाब्वे ने बनाई सुपर-8 में जगह
अंकों का गणित देखें तो जिम्बाब्वे के खाते में अब पांच अंक हैं जबकि आयरलैंड के पास तीन अंक। जिम्बाब्वे और ऑस्ट्रेलिया दोनों को ग्रुप स्टेज में एक-एक मैच अभी खेलना बाकी है। लेकिन गणितीय रूप से ऑस्ट्रेलिया अपना अगला मैच जीत भी जाए तो वे अधिकतम चार अंक तक ही पहुंच पाएंगे जो जिम्बाब्वे के पांच अंकों से कम है।
इस स्थिति के साथ ही कंगारू टीम का टूर्नामेंट से बाहर होना तय हो गया। जिम्बाब्वे का अगला मुकाबला 19 फरवरी को श्रीलंका से होगा जबकि ऑस्ट्रेलिया 20 फरवरी को ओमान के खिलाफ उतरेगी।
जिम्बाब्वे का लाजवाब प्रदर्शन जारी
इस वर्ल्ड कप में जिम्बाब्वे की टीम ने शानदार खेल प्रदर्शित किया है। अब तक तीन मैच खेले जा चुके हैं। एक बारिश से रद्द हुआ और दो में टीम को जीत मिली। पहले मैच में उन्होंने ओमान को 8 विकेट से करारी शिकस्त दी थी।
दूसरे मैच में जिम्बाब्वे ने ऑस्ट्रेलिया जैसी दिग्गज टीम को 23 रनों से हराकर सबको चौंका दिया था। यह जीत जिम्बाब्वे के आत्मविश्वास को और मजबूत करने वाली साबित हुई। टीम अब सुपर-8 में अपनी मजबूत स्थिति बनाने की कोशिश में जुटी है।
ऑस्ट्रेलिया की निराशाजनक यात्रा
ऑस्ट्रेलियाई टीम का यह प्रदर्शन उम्मीदों से बिल्कुल उलट रहा। शुरुआत अच्छी रही थी जब उन्होंने अपने पहले मैच में आयरलैंड को 67 रनों के बड़े अंतर से हराया था। उसके बाद से टीम को लगातार दो हार का सामना करना पड़ा।
पहले जिम्बाब्वे ने उन्हें 23 रनों से हराया, फिर श्रीलंका ने 8 विकेट से शिकस्त दी। इन दो हार ने ऑस्ट्रेलिया को सुपर-8 की दौड़ से बाहर कर दिया। हालांकि टीम का अगला मैच 20 फरवरी को ओमान से होगा, लेकिन वह अब केवल औपचारिकता भर रह गया है।
टूर्नामेंट में कंगारू टीम की यह असफलता एक बड़ा उलटफेर माना जा रहा है। ग्रुप स्टेज से ही बाहर होना ऑस्ट्रेलिया जैसी मजबूत टीम के लिए निश्चित रूप से बड़ा झटका है।





