संभल में 21 महीने तक सीओ के पद पर तैनात रहे अर्जुन अवार्ड विजेता पुलिस अधिकारी अनुज चौधरी का तबादला हो गया है। उन्हें प्रमोशन के साथ फिरोजाबाद में एएसपी ग्रामीण बनाया गया है। संभल में अपने कार्यकाल के दौरान वह अपने बयानों और कार्यशैली को लेकर काफी चर्चा में रहे। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने भी उनके बयानों का समर्थन किया था।

अनुज चौधरी को 16 दिसंबर 2023 को संभल में सीओ के रूप में नियुक्त किया गया था। 24 नवंबर 2024 को संभल की जामा मस्जिद में कोर्ट के आदेश पर हुए सर्वे के दौरान भड़की हिंसा के बाद वह सुर्खियों में आए। उनकी टिप्पणी ‘होली साल में एक बार, जुम्मा साल में 52 बार’ और किष्किंधा रथयात्रा में गदा लेकर चलने की घटना ने विपक्षी दलों का ध्यान खींचा। हालांकि, सीएम योगी ने उन्हें पहलवान कहकर समर्थन जताया।

संभल में कार्यकाल विवादों से भरा

चौधरी का संभल में कार्यकाल विवादों से भरा रहा। उनके बयानों के कारण कई जांच शुरू हुईं, जिसमें पूर्व आईपीएस अमिताभ ठाकुर की शिकायत भी शामिल थी। 3 मई 2025 को उन्हें संभल के चंदौसी सर्किल में स्थानांतरित किया गया और 9 अगस्त 2025 को स्वतंत्रता दिवस से पहले उन्हें एएसपी के पद पर प्रमोट किया गया। वह पिछले साढ़े चार महीने से चंदौसी में पुलिसिंग कर रहे थे।

पुलिस करियर 25 साल पुराना

अनुज चौधरी का पुलिस करियर 25 साल पुराना है। 5 अगस्त 1980 को मुजफ्फरनगर के बधेरी गांव में जन्मे चौधरी 2000 में खेल कोटे से यूपी पुलिस में सब-इंस्पेक्टर बने। 2003 में इंस्पेक्टर और 2012 में सीओ बने। 13 साल तक सीओ रहने के बाद अब वह एएसपी के रूप में फिरोजाबाद में नई जिम्मेदारी संभालेंगे। 2005 में उन्हें अर्जुन अवार्ड से सम्मानित किया गया था।