राम मंदिर मामले पर देवकीनंदन ठाकुर का बयान, बोले- जिसने धर्म की…

राम मंदिर चढ़ावा चोरी मामले में कथावाचक देवकीनंदन ठाकुर की प्रतिक्रिया सामने आई है। उन्होंने कहा है कि जो धर्म के खिलाफ जाएगा, धर्म उसका विनाश कर देगा।
Devkinandan Thakur

अयोध्या के राम मंदिर में हुए चढ़ावा चोरी का मामला लगातार गरमाया हुआ है। इसमें मंदिर तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट के महासचिव चंपत राय सहित कई लोगों पर गाज गिरी है। अब इस मामले पर आध्यात्मिक गुरु देवकीनंदन ठाकुर को बात करते हुए देखा गया।

उत्तर प्रदेश के इस मामले को लेकर कथावाचक का कहना है कि जो धर्म की हत्या करेगा धर्म उसकी हत्या कर डालेगा। वह कहते दिखाई दिए कि अगर इस मामले के बाद भी लोगों को सीख नहीं मिली और फिर से यह चीज दोहराई गई तो इसे दोहराने वाले लोगों का हश्र इससे भी बुरा होगा। इसके पहले भी उन्हें इस मामले पर अपना पक्ष रखते हुए देखा गया था।

राम मंदिर मामले पर देवकीनंदन ठाकुर

राम मंदिर में चंदा चोरी को लेकर हुए विवाद पर देवकीनंदन ठाकुर की प्रतिक्रिया देखने को मिली है। उन्होंने कहा इसे बिल्कुल रोका जा सकता है। जो शास्त्र जानेगा, हमारे शास्त्रों में कहा गया है ‘धर्मो रक्षति रक्षित:, धर्मो हतो हतो हन्ति’, अर्थात जो धर्म की हत्या करेगा धर्म उसकी हत्या कर डालेगा। अगर यह तथाकथित चोरी हुई है और किसी ने की है तो उनका क्या हाल हो रहा है? धर्म ने उनकी हत्या की या नहीं? बताइए क्या मैं गलत कह रहा हूं, क्या शास्त्रों ने गलत कहा है?

उन्होंने कहा कि आज धर्म उनकी हत्या कर रहा है कि नहीं, पूरी दुनिया में उनकी चर्चा हो रही है और उनकी क्या इमेज रह गई है। इसका सीधा मतलब है कि अगर आप धर्म की रक्षा करेंगे तो धर्म आपकी रक्षा करेगा और अगर आप धर्म की हत्या करेंगे तो धर्म आपकी हत्या कर देगा। वो ये कहते दिखाई दिए की जब धर्म को जानने वाले लोग सनातन बोर्ड में होंगे तो मुझे नहीं लगता कि आगे इस तरह की घटनाएं होंगी। अगर हुई तो उसमें इस तंत्र का कोई लेना देना नहीं होगा। वो भी भोगेंगे, इससे कठिन भोगेंगे क्योंकि वो धर्म को जानने के बाद ये सब करेंगे तो ज्यादा भोगेंगे।

SIT गठन पर भी दिया था बयान

यह पहली बार नहीं है जब देवकीनंदन ठाकुर को इस मामले पर बात करते हुए देखा गया। इसके पहले SIT के गठन पर उन्होंने कहा था कि मैं मानता हूं कि जिसने चोरी की है, अगर की है, मुझे नहीं पता कि उसने की है कि नहीं, जिसने भी की है वह अपनी गलती माने और उस धन को राम जी को वापस करे। जिनको लगता है कि मैंने चोरी की है उनको वहां से हटा दिया जाए चाहे वह कोई भी हो।

कथावाचक ने कहा था कि जिन्होंने भगवान राम और उनकी मर्यादा का उल्लंघन किया है उन्हें उसे जगह से तुरंत हटा देना चाहिए। अगर मैं हूं तो मुझे हटा देना चाहिए और उनसे वह धन बरामद करके राम जी के हवाले कर देना चाहिए। यही इस समय न्याय है। अब ये मामला कोर्ट जाएगा और कोर्ट न्याय करेगा। हमारा कोर्ट, आप जानते हैं कि हमारी अदालतों की क्या हालत है।

Diksha Bhanupriy
लेखक के बारे में
Diksha Bhanupriy

10 वर्षों का पत्रकारिता अनुभव, डिजिटल और इलेक्ट्रॉनिक मीडिया में.

"पत्रकारिता का मुख्य काम है, लोकहित की महत्वपूर्ण जानकारी जुटाना और उस जानकारी को संदर्भ के साथ इस तरह रखना कि हम उसका इस्तेमाल मनुष्य की स्थिति सुधारने में कर सकें।” इसी उद्देश्य के साथ मैं पिछले 10 वर्षों से पत्रकारिता के क्षेत्र में काम कर रही हूं। मुझे डिजिटल से लेकर इलेक्ट्रॉनिक मीडिया का अनुभव है। मैं कॉपी राइटिंग, वेब कॉन्टेंट राइटिंग करना जानती हूं। मेरे पसंदीदा विषय दैनिक अपडेट, मनोरंजन और जीवनशैली समेत अन्य विषयों से संबंधित है। View all posts by Diksha Bhanupriy →
Follow Us :GoogleNews