उत्तर प्रदेश कांग्रेस के अध्यक्ष अजय राय की मुश्किलें बढ़ती दिख रही हैं। लखनऊ की सरोजनीनगर विधानसभा सीट से भारतीय जनता पार्टी (BJP) के विधायक राजेश्वर सिंह को ‘लुटेरा’ बताने के आरोप में उनके खिलाफ FIR दर्ज की गई है। यह मुकदमा विधायक के एक करीबी द्वारा सरोजनीनगर थाने में दर्ज कराया गया है, जिसके बाद प्रदेश की सियासत गरमा गई है।
अजय राय ने एक भाषण के दौरान कथित तौर पर यह टिप्पणी की थी, जिसका वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो गया। इसके बाद बीजेपी कार्यकर्ताओं में भारी नाराजगी देखने को मिली और उन्होंने विरोध प्रदर्शन भी किया।
जानें क्या है पूरा विवाद?
यह मामला उस समय शुरू हुआ जब कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष अजय राय ने बीजेपी विधायक राजेश्वर सिंह पर निशाना साधा। राजेश्वर सिंह राजनीति में आने से पहले प्रवर्तन निदेशालय (ED) में एक वरिष्ठ अधिकारी थे। अजय राय ने इसी पृष्ठभूमि का जिक्र करते हुए आरोप लगाया कि सिंह ने ईडी में रहते हुए देश और प्रदेश को लूटा है।
इस बयान के सामने आते ही बीजेपी समर्थकों ने मोर्चा खोल दिया। उन्होंने अजय राय की टिप्पणी को निराधार और अपमानजनक बताते हुए उनकी राजनीतिक छवि खराब करने की कोशिश का आरोप लगाया। कार्यकर्ताओं ने प्रदर्शन कर अजय राय से सार्वजनिक रूप से माफी मांगने की भी मांग की थी।
शिकायत में लगाए गए ये गंभीर आरोप
विधायक राजेश्वर सिंह के करीबी माने जाने वाले शंकरी सिंह ने पुलिस को दी अपनी शिकायत में कहा है कि अजय राय ने जानबूझकर विधायक के खिलाफ असत्य, मानहानिकारक और भड़काऊ बयान दिए। शिकायत में अजय राय के भाषण के अंश का भी उल्लेख किया गया है।
“राजेश्वर सिंह ने पूरे देश को लूटा, पूरे लखनऊ को लूटा। ईडी में रहते हुए ये लूटपाट करके आए हैं।” — शिकायत में अजय राय के कथित बयान का उल्लेख
शिकायतकर्ता ने अपनी अर्जी में कहा कि अजय राय को यह ज्ञात है कि उनका यह कथन पूरी तरह से तथ्यहीन और निराधार है। उन्होंने मांग की है कि इस मामले की निष्पक्ष जांच की जाए और सोशल मीडिया पर वायरल हो रहे भाषण के वीडियो का डेटा जब्त किया जाए, ताकि भविष्य में किसी भी तरह की कानून-व्यवस्था की स्थिति उत्पन्न न हो। पुलिस ने शिकायत के आधार पर मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।





