दक्षिण-पश्चिम मानसून के उत्तर प्रदेश में बारिश करते हुए बारिश का दौर शुरू हो गया है। 7-8 जुलाई तक प्रदेश में मध्यम से तेज बारिश की संभावना जताई गई है। बुधवार को 25 जिलों में भारी बारिश की चेतावनी जारी की गई है वहीं 40 शहरों में मेघगर्जन और वज्रपात के साथ कई हिस्सों में 40-50 किमी/घंटा की रफ्तार से तेज हवाएं चलने का अलर्ट जारी किया गया है।
मंगलवार (30 जून 2026) को 30 से ज्यादा जिलों में बारिश हुई। फतेहपुर में अधिकतम तापमान 40.2 डिग्री सेल्सियस और नजीबाबाद में न्यूनतम तापमान 23 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। 1 से 30 जून तक सम्पूर्ण प्रदेश 54 प्रतिशत से कम वर्षा दर्ज की गई है। पूर्वी उत्तर प्रदेश में 58 प्रतिशत और पश्चिमी उत्तर प्रदेश में 47 प्रतिशत से कम बारिश हुई है। आमतौर पर अबतक 95.9 मिमी बारिश हो जानी चाहिए थी, लेकिन 43.9 मिमी ही हुई है।
मौसम विज्ञान केन्द्र (IMD), लखनऊ की ताजा दैनिक रिपोर्ट के मुताबिक, वर्तमान में चक्रवाती परिसंचरण, पश्चिमी विक्षोभ और ट्रफ सक्रिय है और मानसून के लिए भी परिस्थितियाँ अनुकूल है। इसके असर से पश्चिमी और पूर्वी उत्तर प्रदेश में 7 जुलाई तक गरज चमक के साथ मध्यम से भारी बारिश की संभावना जताई गई है। इस दौरान मेघगर्जन, वज्रपात के साथ 40 से 60 किमी प्रति घंटा की रफ्तार से झोंकेदार हवाएं चलने की भी संभावना है । अधिकतम तापमान में 7 से 9 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम तापमान में 3 से 5 डिग्री सेल्सियस की गिरावट आने की भी संभावना है।
1 जुलाई को कहां-कहां होगी बारिश
- अत्यधिक भारी बारिश: बिजनौर, मुरादाबाद, रामपुर, बरेली।
- भारी बारिश: बांदा, चित्रकूट, प्रयागराज, फतेहपुर, सोनभद्र, मिर्जापुर, संत रविदास नगर, गोरखपुर, गोंडा, बलरामपुर, श्रावस्ती, बहराइच, लखीमपुर खीरी, कानपुर, लखनऊ, मुरादाबाद, मेरठ, अलीगढ़, आगरा और आसपास के क्षेत्र।
- मेघगर्जन और वज्रपात (बिजली गिरना): प्रयागराज, वाराणसी, गोरखपुर, झांसी और लखीमपुर खीरी।
- तेज हवाएं (झोंकेदार हवा): अमेठी, सुल्तानपुर, अयोध्या, सहारनपुर, शामली, मुजफ्फरनगर, बागपत, गाजियाबाद, हापुड़, गौतम बुद्ध नगर, बुलंदशहर, मथुरा और हाथरस। 40-50 किमी/घंटा की रफ्तार से ।







