Hindi News

आज CM योगी आदित्यनाथ का 54वां जन्‍मदिन, जानिए कैसे तय किया उन्होंने अजय सिंह बिष्ट से योगी आदित्यनाथ बनने तक का सफर

Written by:Rishabh Namdev
Published:
उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ आज अपना 54वां जन्मदिन मना रहे हैं। उनका यह सफर संन्यास से लेकर गोरक्षपीठ के महंत और फिर एक सफल मुख्यमंत्री बनने तक का सफर माना जाता है।

उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ का आज 5 जून को 54वां जन्मदिन है। यह मौका उनके संन्यास से लेकर राजयोगी बनने तक के खास सफर को भी दिखाता है। हिंदुत्व के बड़े चेहरे और गोरक्षपीठ के महंत के रूप में पहचान बनाने वाले योगी आदित्यनाथ आज एक मजबूत नेता के तौर पर सामने आए हैं। उन्होंने प्रदेश में विकास के रास्ते में रुकावट बनने वाले माफिया पर सख्त कार्रवाई की और बुलडोजर कार्रवाई के जरिए कानून व्यवस्था को लेकर अपनी अलग पहचान बनाई।

दरअसल मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ का जन्म 5 जून 1972 को उत्तराखंड के पौड़ी गढ़वाल जिले के पंचूर गांव में अजय सिंह बिष्ट के रूप में हुआ था। उनके पिता का नाम स्वर्गीय आनंद सिंह बिष्ट और माता का नाम सावित्री देवी है। वे सात भाई-बहनों में पांचवें नंबर पर थे। उन्होंने श्रीनगर के गढ़वाल विश्वविद्यालय से गणित में बीएससी की पढ़ाई की। केवल 22 साल की उम्र में उन्होंने सांसारिक जीवन छोड़कर संन्यास ले लिया।

अजय सिंह बिष्ट से योगी आदित्यनाथ बने

साल 1993 में वे गणित में एमएससी की पढ़ाई के दौरान गोरखपुर आए। गोरखनाथ मंदिर में 15 फरवरी 1994 को प्रवास के दौरान उन्होंने ब्रह्मलीन महंत अवेद्यनाथ से दीक्षा ली और योगी बन गए। इसके बाद उनका नाम अजय सिंह बिष्ट से योगी आदित्यनाथ हो गया। संन्यास लेने के बाद उन्होंने खुद को गोरक्षपीठ और जनसेवा के कामों में पूरी तरह समर्पित कर दिया। साल 1996 के लोकसभा चुनाव में उन्होंने महंत अवेद्यनाथ के चुनाव का संचालन किया। उनकी मेहनत और निष्ठा को देखते हुए साल 1998 में महंत अवेद्यनाथ ने उन्हें अपना उत्तराधिकारी घोषित किया और लोकसभा चुनाव में उम्मीदवार बनाया।

लगातार पांच बार सांसद रहने का रिकॉर्ड बनाया

राजनीति में आने के बाद योगी आदित्यनाथ लगातार आगे बढ़ते गए। उन्होंने 42 साल की उम्र तक लगातार पांच बार सांसद रहने का रिकॉर्ड बनाया, जो उनकी लोकप्रियता और जनता से मजबूत जुड़ाव को दिखाता है। नाथ संप्रदाय के प्रमुख और गोरक्षपीठ के महंत के रूप में उन्होंने हिंदुत्व और विकास दोनों मुद्दों को साथ लेकर काम किया। ‘रमता योगी, बहता पानी’ की कहावत को सच साबित करते हुए वे मंदिर में योगी और राजनीति में राजयोगी के रूप में सक्रिय रहे।

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने पांच साल का कार्यकाल पूरा करने के बाद 25 मार्च 2022 को दूसरी बार पूर्ण बहुमत के साथ उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री पद की शपथ ली। उन्होंने गोरखपुर शहर विधानसभा सीट से चुनाव लड़कर रिकॉर्ड मतों से जीत हासिल की और पहली बार विधायक बने। मुख्यमंत्री के रूप में उनके कार्यकाल में प्रदेश में कानून व्यवस्था, सुशासन और विकास को सबसे ज्यादा प्राथमिकता दी गई।

Rishabh Namdev
लेखक के बारे में
मैं ऋषभ नामदेव खेल से लेकर राजनीति तक हर तरह की खबर लिखने में सक्षम हूं। मैं जर्नलिज्म की फील्ड में पिछले 4 साल से काम कर रहा हूं। View all posts by Rishabh Namdev
Follow Us :GoogleNews