उत्तर प्रदेश में सिपाही बनने का सपना देख रहे युवाओं के लिए 8, 9 और 10 जून को आरक्षी नागरिक पुलिस भर्ती परीक्षा का आयोजन करवाया जाने वाला है। इस परीक्षा की तैयारियों को लेकर मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ सख्त दिखाई दे रहे हैं। अभ्यर्थियों की सुविधाओं के लिए उन्होंने कई निर्देश दिए हैं और अफवाह फैलाने वालों से सख्ती से निपटने की बात भी कही है।
इस परीक्षा में शामिल होने वाले उम्मीदवारों के लिए रियायती दरों पर बस चलाने का फैसला भी लिया गया है। छात्र परीक्षा केंद्र तक आसानी से पहुंच सकें इसलिए ये निर्णय लिया गया है। सीएम ने वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए अधिकारीयों से परीक्षा के संबंध में जानकारी ली और जरुरी दिशा निर्देश भी दिए।
यूपी सिपाही भर्ती परीक्षा की तैयारी
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए उत्तर प्रदेश में होने वाली पुलिस भारती की परीक्षा सहित आगामी जन भागीदारी कार्यक्रमों की तैयारी की भी समीक्षा की। उन्होंने साफ तौर पर यह बोल दिया है कि भर्ती परीक्षा की निष्पक्षता और पारदर्शिता के साथ कोई समझौता नहीं किया जाएगा। अधिकारियों की ओर से मुख्यमंत्री को जानकारी दी गई कि आरक्षी नागरिक पुलिस और समकक्ष पदों की भर्ती परीक्षा तीन दिन तक दो पालियों में कराई जाएगी।
सिपाही भर्ती परीक्षा में अफवाह पर सख्ती से निपटें: मुख्यमंत्री श्री @myogiadityanath जी महाराज pic.twitter.com/wA5zIMTsbK
— Yogi Adityanath Office (@myogioffice) June 4, 2026
कितने अभ्यर्थी होंगे शामिल
इस परीक्षा में लगभग 29 लाख अभ्यर्थियों के शामिल होने की संभावना है। इतनी बड़ी संख्या में उम्मीदवारों की मौजूदगी को देखते हुए युद्धस्तर पर परीक्षा की तैयारी की जा रही है। परीक्षा केंद्रों की सुरक्षा के साथ प्रश्न पत्रों का सुरक्षित परिवहन, कानून व्यवस्था और निगरानी तंत्र हर चीज का विस्तृत प्रस्तुतिकरण मुख्यमंत्री के सामने किया गया। सभी व्यवस्थाओं की समीक्षा करते हुए उन्होंने अधिकारियों को सतर्कता भारत ने के निर्देश दिए।
अभ्यर्थियों के लिए सुविधा
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने एक ऐसा निर्देश दिया है जो चर्चा का विषय बन गया है। उन्होंने अधिकारियों से कहा है कि किसी भी अभ्यर्थी को धूप में खड़े रहने की नौबत नहीं आनी चाहिए। केंद्र पर पेयजल बैठने की व्यवस्था, छाया और शौचालय जैसी मूलभूत सुविधा उपलब्ध होनी चाहिए। लाखों युवाओं का भविष्य इस परीक्षा से जुड़ा है इसलिए इसे मानवीय दृष्टिकोण के साथ अपनाना होगा।
चलाई जाएगी विशेष बसें
परीक्षा के समय यात्रा को लेकर अक्सर समस्या देखने को मिलती है। कई अभ्यर्थी एक जिले से दूसरे जिले में जाकर परीक्षा देते हैं। ऐसे में परिवहन का खर्च और आना-जाना बड़ी चुनौती होती है। किसी को ध्यान में रखते हुए परिवहन विभाग को निर्देश दिए गए हैं कि अंतर्जनपदीय विशेष बसों का संचालन किया जाए साथ ही रियायती किराए की व्यवस्था भी सुनिश्चित की जाए।
अफवाह फैलाने वालों पर सख्ती
मुख्यमंत्री में सोशल मीडिया पर लगातार निगरानी रखने के निर्देश दिए हैं। उन्होंने कहा है कि अगर कोई अफवाह फैलाने का प्रयास करता है तो उसके खिलाफ कठोर कार्रवाई की जाए। सरकार का उद्देश्य है कि किसी भी अभ्यर्थी के बीच भ्रम की स्थिति नहीं बनी चाहिए और परीक्षा शांतिपूर्ण रूप से संपन्न होनी चाहिए।






