फसल खरीदी से पहले कृषि मंत्री कमल पटेल ने अधिकारियों को दिए निर्देश

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भोपाल, डेस्क रिपोर्ट।मध्य प्रदेश (Madhya Pradesh) के कृषि मंत्री कमल पटेल (Kamal Patel) का बड़ा बयान सामने आया है। हरदा (Harda) पहुंचे कमल पटेल ने सभी गोदामों में भण्डारण के पुख्ता प्रबंध करने के निर्देश दिये। वही कहा कि जिले के सभी 155 केन्द्रों में खरीदी (MSP) की जाना सुनिश्चित करें और उपार्जन में महिला स्व-सहायता समूहों की अधिक से अधिक सहायता ली जाये।

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दरअसल, आज बुधवार को कृषि मंत्री कमल पटेल ने हरदा जिला-स्तरीय उपार्जन समिति की बैठक में सभी गोदामों में भण्डारण के पुख्ता प्रबंध करने के निर्देश दिये। उन्होंने कहा कि विगत वर्ष जिले में 4.96 लाख मीट्रिक टन गेहूँ उपार्जन किया गया था। इस वर्ष भी लगभग 5 लाख मीट्रिक टन गेहूँ उपार्जित किया जाना है। उपार्जन में किसानों (Farmers) को किसी भी प्रकार की दिक्कतों का सामना न करना पड़े। उपार्जन संबंधी सभी व्यवस्थाएँ सुचारु एवं सुदृढ़ रहें।

वही कमल पटेल ने मंगलवार रात्रि होशंगाबाद जिले (Hoshangabad district) के तवा डेम (Tawa Dame) पहुँचकर मूँग फसल की सिंचाई के लिये तवा बाँयी तट नहर में जल-प्रवाह का भी शुभारंभ किया।इस दौरान बांयीं तट मुख्य नहर में कुल 500 क्यूसेक पानी छोड़ा गया। जल-प्रवाह की अवधि 50 दिवस रहेगी। दांयीं तट नहर में जल-प्रवाह की अवधि 30 दिवस रहेगी। इससे 35 हजार हेक्टेयर रकबे में मूँग फसल को सिंचाई के लिये पानी की उपलब्धता रहेगी।

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मंत्री पटेल ने विभागीय अधिकारियों को नीचे से ऊपर की ओर (टेल टू हेड) पानी उपलब्ध कराने के निर्देश दिये हैं।उन्होंने कहा कि पुलिस, राजस्व एवं सिंचाई विभाग (Police, Revenue and Irrigation Department) के अधिकारी लगातार पानी के प्रवाह की मॉनीटरिंग करेंगे।  पटेल ने बताया कि नहर के पानी से हरदा में 17 हजार 500 और टिमरनी में 17 हजार 500 हेक्टेयर रकबा क्षेत्र में मूँग फसल की सिंचाई की जा सकेगी।

Pooja Khodani
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12 वर्षों से पत्रकारिता में सक्रिय, इलेक्ट्रॉनिक और डिजिटल मीडिया में.

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