कांग्रेस के वार पर बीजेपी का पलटवार, ‘कमलनाथ ने बता दिया जयचंद कौन था’

कांग्रेस के वार पर बीजेपी का पलटवार, ‘कमलनाथ ने बता दिया जयचंद कौन था’

भोपाल| कोरोना संकट (Corona Crisis) के बीच मध्य प्रदेश (Madhya Pradesh) में भाजपा (BJP) और कांग्रेस (Congress) के बीच आरोप प्रत्यारोप से सियासत गर्म है| कांग्रेस को सत्ता से बाहर करने में प्रमुख भूमिका निभाने वाले ज्योतिरादित्य सिंधिया (Jyotiraditya Scindia) को कांग्रेस ने निशाने पर लिया है और वीडियो जारी कर उन्हें ‘जयचंद महाराज’ बताया है| कांग्रेस के इस हमले के जवाब में भाजपा ने भी पलटवार किया है| भारतीय जनता पार्टी के प्रदेश मीडिया प्रभारी लोकेंद्र पाराशर ने कहा कमलनाथ ने स्पष्ट बता दिया है कि जयचंद कौन था?

दरअसल, कांग्रेस ने वीडियो जारी कर सिंधिया पर निशाना साधा है कि कैसे कांग्रेस में भाजपा पर हमला बोलने वाले सिंधिया के तेवर भाजपा में जाकर बदल गए| वीडियो में पुराने महाराज और नये महाराज की तुलना करते हुए न सिर्फ उन्हें घेरा है बल्कि जयचंद की उपाधि तक से नवाज़ दिया है।

भाजपा का पलटवार-कमलनाथ ने बताया जयचंद कौन था?
कांग्रेस के वार पर भाजपा ने भी पलटवार किया है| भारतीय जनता पार्टी के प्रदेश मीडिया प्रभारी लोकेंद्र पाराशर ने ट्वीट कर लिखा- “जयचंद…. जयचंद….. जयचंद चिल्लाने वालों सुनो ! कमलनाथ जी ने स्पष्ट बता दिया है कि जयचंद कौन था? कांग्रेसियों तुममें हिम्मत है तो बोलो- “राजा तुम जयचंद थे, तुम्हारे कारण हमारी सरकार गिरी”|

Gaurav Sharma
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निदेशक और संपादक

पत्रकारिता पेशा नहीं ज़िम्मेदारी है और जब बात ज़िम्मेदारी की होती है तब ईमानदारी और जवाबदारी से दूरी बनाना असंभव हो जाता है। एक पत्रकार की जवाबदारी समाज के लिए उतनी ही आवश्यक होती है जितनी परिवार के लिए क्यूंकि समाज का हर वर्ग हर शख्स पत्रकार पर आंख बंद कर उस तरह ही भरोसा करता है जितना एक परिवार का सदस्य करता है। पत्रकारिता मनुष्य को समाज के हर परिवेश हर घटनाक्रम से अवगत कराती है, यह इतनी व्यापक है कि जीवन का कोई भी पक्ष इससे अछूता नहीं है। यह समाज की विकृतियों का पर्दाफाश कर उन्हे नष्ट करने में हर वर्ग की मदद करती है। इसलिए पं. कमलापति त्रिपाठी ने लिखा है कि," ज्ञान और विज्ञान, दर्शन और साहित्य, कला और कारीगरी, राजनीति और अर्थनीति, समाजशास्त्र और इतिहास, संघर्ष तथा क्रांति, उत्थान और पतन, निर्माण और विनाश, प्रगति और दुर्गति के छोटे-बड़े प्रवाहों को प्रतिबिंबित करने में पत्रकारिता के समान दूसरा कौन सफल हो सकता है। View all posts by Gaurav Sharma →
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