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मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा ‘मध्यप्रदेश का हेल्थ मॉडल बन रहा देश के लिए उदाहरण’, लोगों से राहगीर-योजना तहत घायलों की मदद की अपील

Written by:Shruty Kushwaha
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भोपाल के हमीदिया अस्पताल में सीटी स्कैन और एमआरआई मशीनों का लोकार्पण करने के बाद मुख्यमंत्री ने कहा कि मध्यप्रदेश में स्वास्थ्य सेवाओं को अत्याधुनिक तकनीक से सुसज्जित किया जा रहा है, ताकि हर वर्ग को गुणवत्तापूर्ण और सुलभ इलाज मिल सके। राजधानी भोपाल को स्वास्थ्य सुविधाओं का मॉडल हब बनाया जा रहा है और प्रदेशभर के सरकारी अस्पतालों में एडवांस मशीनें लगाई जा रही हैं।
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा ‘मध्यप्रदेश का हेल्थ मॉडल बन रहा देश के लिए उदाहरण’, लोगों से राहगीर-योजना तहत घायलों की मदद की अपील

मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने आज भोपाल के हमीदिया अस्पताल में अत्याधुनिक सीटी स्कैन और एमआरआई मशीन का लोकार्पण किया और व्यवस्थाओं का निरीक्षण किया। उन्होंने कहा कि सरकारी अस्पतालों में अत्याधुनिक मशीनों के माध्यम से राज्य सरकार स्वास्थ्य क्षेत्र में तेज गति से कार्य कर रही है।

उन्होंने कि ‘भोपाल राजधानी होने के नाते विशेष स्वास्थ्य सुविधाओं का केंद्र बनता जा रहा है। नई मशीनें..विशेष रूप से सीटी स्कैन और एमआरआई संकट की घड़ी में जीवन रक्षक साबित होती हैं। ये मशीनें अत्याधुनिक जांचों के लिए अनिवार्य हैं और हमारी सरकार इन्हें सरकारी अस्पतालों में उपलब्ध कराने के लिए प्रतिबद्ध है।’

मुख्यमंत्री ने किया लोकार्पण

मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने गुरुवार को भोपाल स्थित हमीदिया अस्पताल में अत्याधुनिक सीटी स्कैन और एमआरआई मशीनों का लोकार्पण किया। इस अवसर पर उन्होंने कहा कि राज्य सरकार स्वास्थ्य सेवाओं को आधुनिक तकनीक से लैस कर रही है जिससे सरकारी अस्पतालों में इलाज और जांच की गुणवत्ता में अभूतपूर्व सुधार हुआ है। उन्होंने कहा कि सरकारी अस्पतालों में एडवांस मशीनें लाई जा रही हैं जिसमें लोगों को बेहतर स्वास्थ्य सुविधाएं मिल सकें।

कहा ‘बेहतर स्वास्थ्य सुविधाएं मुहैया कराने को प्रतिबद्ध’

सीएम ने कहा कि मध्यप्रदेश में इस समय में 40 से अधिक मेडिकल कॉलेज संचालित हो रहे हैं जो राज्य सरकार की हेल्थ सेक्टर के प्रति प्रतिबद्धता का प्रमाण हैं। उन्होंने बताया कि मध्यप्रदेश सरकार ने देश में पहली बार ऐसा मॉडल लागू किया है जिसमें अस्पतालों को मेडिकल कॉलेज संचालन के लिए सिर्फ एक रुपये में 25 एकड़ भूमि दी जा रही है। उन्होंने बताया कि इस योजना के अंतर्गत चार मेडिकल कॉलेज पहले ही स्वीकृत हो चुके हैं और जल्द ही उनका लोकार्पण भी किया जाएगा। इस मौके पर मुख्यमंत्री ने आम लोगों से ‘राहगीर योजना’ में सहयोग करने की अपील की। उन्होंने कहा कि यदि कोई राहगीर सड़क पर घायल व्यक्ति को अस्पताल पहुंचाता है, तो सरकार उसका सम्मान देते हुए 25,000 रुपये की अनुदान राशि प्रदान करती है। इस तरह घायल व्यक्ति को समय पर इलाज मिल सकता है और उसे अस्पताल पहुंचाने वाले को भी योजना का लाभ मिलेगा।