कांग्रेस ने मध्यप्रदेश में किसानों की फसलों को आगजनी से बचाने के लिए दिन में बिजली सप्लाई बंद रखने की मांग है। कांग्रेस के राष्ट्रीय सचिव और पूर्व विधायक कुणाल चौधरी ने मुख्यमंत्री मोहन यादव को पत्र लिखकर कहा है कि बढ़ते तापमान और विद्युत लाइनों में होने वाली स्पार्किंग के कारण खेतों में आग लगने की घटनाएं बढ़ रही हैं और किसानों की फसल को आगजनी से बचाने के लिए अस्थायी रूप से कृषि विद्युत आपूर्ति बंद की जाए।

उन्होंने बताया कि हाल ही में कालापीपल विधानसभा क्षेत्र के तिलावद गांव में आगजनी की घटना में लगभग 100 बीघा गेहूं की फसल जलकर खाक हो गई, जिससे किसानों को लाखों रुपए का नुकसान हुआ और उनकी सालभर की मेहनत भी नष्ट हो गई।

कांग्रेस नेता ने सीएम को लिखा पत्र

कालापीपल के पूर्व विधायक कुणाल चौधरी ने मुख्यमंत्री मोहन यादव को लिखे पत्र में कहा है कि इस समय में कालापीपल विधानसभा क्षेत्र सहित प्रदेश के कई जिलों में गेहूं और अन्य फसलों की कटाई का काम जोरों पर है। कई स्थानों पर कटी हुई फसल खेतों में ही रखी हुई है, जिससे आग लगने का खतरा बढ़ गया है। उन्होंने कहा है कि बढ़ते तापमान और विद्युत लाइनों में स्पार्किंग के कारण खेतों में आग लगने की घटनाएं लगातार बढ़ रही हैं। इससे किसानों की मेहनत कुछ ही मिनटों में खाक हो जाती है और उन्हें लाखों रुपये का नुकसान उठाना पड़ता है। उदाहरण के तौर पर उन्होंने तिलावद गांव का जिक्र किया, जहां हाल ही में आगजनी की घटना में लगभग सौ बीघा गेहूं की फसल जलकर राख हो गई। इस घटना ने किसानों की सालभर की मेहनत को बर्बाद कर दिया और उन्हें भारी आर्थिक नुकसान उठाना पड़ा।

दिन के समय कृषि विद्युत आपूर्ति बंद रखने की मांग 

इन परिस्थितियों को देखते हुए कांग्रेस नेता ने मुख्यमंत्री से आग्रह किया है कि किसानों की फसल की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए अस्थायी रूप से सुबह 9 बजे से शाम 5 बजे तक कृषि विद्युत आपूर्ति बंद रखने के आदेश जारी किए जाएं, ताकि विद्युत लाइनों में स्पार्किंग से होने वाली आगजनी की घटनाओं को रोका जा सके। उन्होंने उम्मीद जताई है कि प्रदेश सरकार किसान हित में शीघ्र निर्णय लेते हुए इस संबंध में आवश्यक निर्देश जारी करेगी और किसानों की मेहनत को सुरक्षित रखने के लिए ठोस कदम उठाएगी।