MP में कोरोना संक्रामक रोग घोषित, CM ने जनता से की ये अपील

Congress's-trouble-shooter-Kamal-Nath-gets-huge-responsibility-will-handel-kanatak-crisis--

भोपाल।
कोरोना वायरस ने पूरी दुनिया में तांडव मचा रखा है। चीन से फैले इस वायरस ने भारत समेत कई देशों में अपने पैर पसार लिए है। आए दिन दुनियाभर में मौत का आंकड़ा तेज गति से बढ़ रहा है। इसी बीच भारत का हर राज्य अलर्ट हो गया है और एडवाइजरी जारी कर रहा है। अब एमपी(madhypradesh) में कमलनाथ सरकार (kamalnath sarkar) ने कोरोना वायरस (Corona virus) को सम्पूर्ण राज्य के लिये संक्रामक रोग घोषित कर दिया है।

मध्य प्रदेश शासन द्वारा नोवल कोरोना (Kovid-19) को सम्पूर्ण राज्य के लिये संक्रामक रोग घोषित किया गया है। मध्य प्रदेश लोक स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण विभाग की अधिसूचना के अनुसार मध्य प्रदेश पब्लिक हेल्थ एक्ट 1949 की धारा 50 के अन्तर्गत यह कार्रवाई की गई है। इस अधिनियम की धारा 51 के अन्तर्गत सम्पूर्ण राज्य के लिये यह अधिसूचित संक्रामक रोग (नोटिफाईड इन्फेक्शीयस डिजीज) घोषित किया गया है।

सीएम कमलनाथ ने की जनता से ये अपील
मुख्यमंत्री कमलनाथ ने जनता से अपील करते हुए कहा है कि आप सब नोवल कोरोना वायरस के संक्रमण, फैलाव और इसके खतरों से परिचित हैं। पूरे विश्व में कोरोना का प्रभाव हम देख रहे है। इसे महामारी घोषित किया जा चुका है। हमने राज्य में इसे संक्रामक रोग घोषित किया है। कोरोना वॉयरस की रोकथाम के लिए प्रदेश में पूरे प्रयास किए जा रहे हैं। अब तक आपने जो सतर्कता, सावधानी बरती है और जागरूकता दिखाई है वह सराहनीय है। आगे भी आप सभी लोग इसे निरंतर जारी रखें।
घबराने की कोई जरूरत नहीं है। बस आने वाले दिनों में और ज्यादा सतर्क रहने की जरूरत है।

नाथ ने कहा है कि आपने अपने अनुशासित व्यवहार व प्रयासों से प्रदेश के इंदौर, भोपाल जैसे शहरों को स्वच्छता में देश में अव्वल स्तर पर पहुँचाया है। आपका अनुशासित और संयमित व्यवहार ही कोरोना को रोकने में मदद करेगा। खान-पान ऐसा रखें जिससे आपके अंदर प्रतिरोधक क्षमता विकसित हो। आवश्यकता होने पर डॉक्टर की सलाह व उपयोगी दवाएं भी लेंराज्य सरकार ने कोरोना संक्रमण के फैलाव को रोकने के लिए वे सभी उपाय किए हैं जिन्हें अपनाने की सलाह भारत सरकार और स्वास्थ्य विशेषज्ञों ने दी है। आप सब भी इसका पालन करें। अनावश्यक एक जगह एकत्र ना हो। जब तक अत्यंत अनिवार्य नहीं हो यात्रा करने से बचें। घरों में और आसपास सफाई रखें। साबुन और पानी से हाथ धोंएं। छींकते समय नाक और मुंह ढकें। सर्दी और फ्लू से प्रभावित लोगों के पास जाने से बचें।

नाथ ने आगे कहा कि कोरोना वायरस के संक्रमण और इसके फैलाव की रोकथाम के बारे में जो नागरिक जागरूक हो चुके हैं वे अपनी वैज्ञानिक जानकारी अन्य नागरिकों को भी दें। राज्य सरकार ने पूरी तैयारियां कर ली है। आप सबके सहयोग से हम कोरोना के संक्रमण से सुरक्षित रह पाएंगे। मध्यप्रदेश सरकार द्वारा नोवल कोरोना वायरस का प्रसार रोकने के लिये सभी संभव प्रयास किये जा रहे हैं। स्कूल, कॉलेज, सिनेमा हॉल, मेरिज हॉल, सार्वजनिक पुस्तकालय, वॉटर पार्क, जिम, स्वीमिंग-पूल, आँगनवाड़ी आदि को आगामी आदेश तक बंद करने का निर्णय लिया गया है। कार्यालयों में कर्मचारियों की बायोमेट्रिक उपस्थिति की व्यवस्था को बंद किया गया है। सांस्कृतिक समारोह, सार्वजनिक समारोह, आधिकारिक यात्राओं और प्रशिक्षण कार्यक्रमों को स्थगित किया गया है। विकासखण्ड स्तर तक शांति समितियों की बैठक आयोजित कर स्थानीय जन-प्रतिनिधियों और धर्म गुरूओं के माध्यम से नोवल कोरोना वायरस के प्रसार को रोकने के लिये लोगों को जागरूक करने को कहा जा रहा है। धार्मिक प्रमुखों से कम से कम धार्मिक समारोह करने का आग्रह किया गया है। इसके साथ ही, 20 से अधिक लोगों की सभाओं को रोकने के लिये कानूनी उपाय भी किए जा रहें हैं।मंत्रि-परिषद की बैठक में भी नोवल कोरोना वायरस का प्रसार प्रदेश, देश और विश्व स्तर पर रोकने के लिये किये गये उपायों को ध्यान में रखकर , प्रदेश के नागरिकों की सुरक्षा व बचाव के लिये कई आवश्यक निर्णय लिये गये है।

Gaurav Sharma
लेखक के बारे में
Gaurav Sharma

निदेशक और संपादक

पत्रकारिता पेशा नहीं ज़िम्मेदारी है और जब बात ज़िम्मेदारी की होती है तब ईमानदारी और जवाबदारी से दूरी बनाना असंभव हो जाता है। एक पत्रकार की जवाबदारी समाज के लिए उतनी ही आवश्यक होती है जितनी परिवार के लिए क्यूंकि समाज का हर वर्ग हर शख्स पत्रकार पर आंख बंद कर उस तरह ही भरोसा करता है जितना एक परिवार का सदस्य करता है। पत्रकारिता मनुष्य को समाज के हर परिवेश हर घटनाक्रम से अवगत कराती है, यह इतनी व्यापक है कि जीवन का कोई भी पक्ष इससे अछूता नहीं है। यह समाज की विकृतियों का पर्दाफाश कर उन्हे नष्ट करने में हर वर्ग की मदद करती है। इसलिए पं. कमलापति त्रिपाठी ने लिखा है कि," ज्ञान और विज्ञान, दर्शन और साहित्य, कला और कारीगरी, राजनीति और अर्थनीति, समाजशास्त्र और इतिहास, संघर्ष तथा क्रांति, उत्थान और पतन, निर्माण और विनाश, प्रगति और दुर्गति के छोटे-बड़े प्रवाहों को प्रतिबिंबित करने में पत्रकारिता के समान दूसरा कौन सफल हो सकता है। View all posts by Gaurav Sharma →
Follow Us :GoogleNews