किसानों को बड़ी राहत-सरकार ने गेहूँ खरीदी की पंजीयन तिथि बढ़ाई

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भोपाल।

मध्यप्रदेश की कमलनाथ सरकार ने किसानों को बड़ी राहत दी है। सरकार ने गेहूँ खरीदी की पंजीयन तिथि को आगे बढ़ा दिया है। सरकार ने ये फैसला ऐसे समय में लिया है जब किसान ओलावृष्टि की मार झेल रहे है। इधर, गेहूं के बंपर उत्पादन को देख समर्थन मूल्य पर गेहूं खरीदी को लेकर तैयारियां भी शुरू हो गई हैं हालांकि इस वर्ष समर्थन मूल्य पर गेहूं विक्रय के लिए किसानों की रुचि कम ही दिखाई दे रही है।माना जा रहा है कि इसी को लेकर पंजीयन के लिए तीन दिन बढ़ाए गए हैं।

दरअसल, राज्य शासन ने किसानों की सुविधा के लिये समर्थन-मूल्य पर गेहूँ खरीदी की पंजीयन की अंतिम तिथि में वृद्धि कर दी है। पूर्व में निर्धारित अंतिम तिथि 28 फरवरी को बढ़ाकर 2 मार्च कर दिया गया है। अब किसान भाई ई-उर्पाजन पोर्टल पर 2 मार्च तक अपना पंजीयन कर सकेंगे।गेहूं की खरीदी 25 मार्च से 22 मई तक चलेगी। 28 फरवरी पंजीयन की अंतिम तारिख घोषित की गई थी, अब इसे बढ़ाकर दो मार्च की गई है।

इंदौर में 9 लाख मीट्रिक टन से ज्यादा गेहूं खरीदी की उम्मीद

इंदौर संभाग में इस बार समर्थन मूल्य पर 9 लाख मीट्रिक टन से ज्यादा गेहूं खरीदे जाने की उम्मीद है। इसके लिए अभी तक 50 हजार से अधिक किसानों का पंजीयन हो चुका है। गत वर्ष संभाग में एक लाख 66 हजार 576 किसानों ने पंजीयन कराया था।इस बार इससे ज्यादा की संभावना जताई जा रही है। पंजीयन की अंतिम तिथि 28 फरवरी है।वही मंदसौर की बात करे तो एक से 28 फरवरी तक जिलेभर के 45 हजार कि सानों ने ही पंजीयन करवाया है जबकि पिछले साल 61 हजार से अधिक कि सानों ने पंजीयन करवाया था।इस वर्ष 2.39 लाख हेक्टेयर पर गेहूं की बोवनी हुई है। कृषि विभाग का पूर्वानुमान है कि 9 लाख 56 हजार मीट्रिक टन गेहूं का उत्पादन होगा। समर्थन मूल्य पर भी दो लाख मीट्रिक टन गेहूं खरीदी का अनुमान प्रशासन का है। पिछले वर्ष 61 हजार किसानों से 1.10 लाख मीट्रिक टन गेहूं खरीदा गया था।

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