Kamal Nath Cake Controversy : थम नहीं रहा केक पर बवाल, संस्कृति बचाओ मंच ने की ये मांग

Kamal Nath Cake Controversy : थम नहीं रहा केक पर बवाल, संस्कृति बचाओ मंच ने की ये मांग

Kamal Nath Cake Controversy : कमलनाथ और केक का विवाद थमने का नाम नहीं ले रहा। सीएम शिवराज, गृहमंत्री नरोत्तम मिश्रा से लेकर तमाम नेता इस मामले पर उनकी आलोचना कर चुके हैं, वहीं कांग्रेस अब नया एंगल लेकर आई है। उसका कहना है कि मंदिर की प्रतिकृति थर्माकोल की थी और केक उसके पीछे रखा था। लेकिन ये बात मानने के लिए बीजेपी कतई तैयार नहीं है और कमलनाथ के खिलाफ लगातार बयानों की बारिश हो रही है।

बीजेपी ने किया सवाल

बीजेपी प्रवक्ता दुर्गेश केसवानी ने सवाल किया है कि ‘हमारे धर्म से कांग्रेस और कमलनाथ को इतनी घृणा क्यों। पहले राम मंदिर में रोड़े अटकाए, रामसेतु के अस्तित्व को नकारा, राम मंदिर के भूमि पूजन पर प्रश्न चिन्ह लगाए और अब तथाकथित हनुमान भक्त कमलनाथ ने मंदिर रूपी केक जिसमे श्रीहनुमान जी का चित्र काटकर कांग्रेस की मानसिकता को उजागर की है।’

संस्कृति बचाओ मंच ने कहा ‘माफी मांगे कमलनाथ’

संस्कृति बचाओ मंच के अध्यक्ष चंद्रशेखर तिवारी ने कमलनाथ से सार्वजनिक रूप से माफी मांगने की मांग की है। उन्होंने कहा कि अपने जन्मदिन पर आप अपने आप को हनुमान भक्त कहने वाले हनुमान प्रतिमा का केक चाकू से टुकड़े-टुकड़े कर रहे हैं। यह आशोभिनी कृत्य आपने किया है, जिससे हमारी सनातन धर्म की आस्थाओं को ठेस पहुंची है। संस्कृति बचाओ मंच आपसे मांग करता है कि आप सार्वजनिक रूप से माफी मांगे। आप अपने आप को हनुमान भक्त कहते हैं, दुनिया में प्रचारित करते हैं कि मैंने छिंदवाड़ा में भव्य हनुमान मंदिर बनवाया। मंदिर बनवाने से कोई सनातनी नहीं हो जाता। आपने जिस प्रकार का कृत्य किया है वह एक अशोभनीय कार्य है, जिसके लिए आपको सार्वजनिक रूप से माफी मांगनी चाहिए।

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Shruty Kushwaha
लेखक के बारे में
Shruty Kushwaha

पत्रकारिता में स्नातकोत्तर (M.J.), 2001. 2001 से 2013 तक ईटीवी हैदराबाद, सहारा न्यूज दिल्ली-भोपाल और लाइव इंडिया मुंबई में कार्य.

2001 में माखनलाल चतुर्वेदी राष्ट्रीय पत्रकारिता विश्वविद्यालय भोपाल से पत्रकारिता में स्नातकोत्तर (M.J, Masters of Journalism)। 2001 से 2013 तक ईटीवी हैदराबाद, सहारा न्यूज दिल्ली-भोपाल, लाइव इंडिया मुंबई में कार्य अनुभव। साहित्य पठन-पाठन में विशेष रूचि। View all posts by Shruty Kushwaha →
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