मध्य प्रदेश विधानसभा के कामकाज को डिजिटल बनाने की दिशा में सरकार एक नया कदम उठाए जा रही है। अब बजट सत्र से विधायकों की मेज पर टैबलेट रखे जाएंगे। यह व्यवस्था राष्ट्रीय ई-विधान एप्लिकेशन के तहत अपनाई जा रही है। शुरुआत में विधायकों को टैबलेट के जरिए बजट से जुड़े दस्तावेज देखने की सुविधा मिलेगी। हालांकि, टैबलेट का पूरा उपयोग बाद के सत्रों में किया जाएगा, क्योंकि अधिकांश विधायकों को इसके इस्तेमाल के लिए प्रशिक्षण दिया जाना है।
अधिकारियों से मिली जानकारी के मुताबिक विधायकों की मेज पर टैबलेट लगाने के लिए बिजली कनेक्शन का काम पूरा हो चुका है और बजट सत्र से पहले सभी तैयारियां पूरी कर ली जाएंगी। बता दें, कि देश के कई राज्यों में पहले ही यह व्यवस्था लागू हो चुकी है। डिजिटल व्यवस्था का उद्देश्य विधानसभा को पेपरलेस बनाना है जिससे कागज की खपत कम होगी और विधानसभा का कामकाज तेज, आसान और पर्यावरण के अनुकूल बनेगा
विधायकों को दिया जायेगा प्रशिक्षण
विधानसभा अधिकारियों के अनुसार बजट सत्र के बाद विधायकों को टैबलेट चलाने का प्रशिक्षण दिया जाएगा। जिसके बाद से विधानसभा के कामकाज में टैबलेट का व्यापक उपयोग किया जाएगा।
टैबलेट अधिकतर सामग्री हिंदी में
टैबलेट में अधिकतर सामग्री हिंदी भाषा में होगी, हिंदी से अंग्रेजी में अनुवाद की सुविधा मिलेगी। सवालों और कार्यसूची को खोजने का विकल्प होगा। साथ ही माइक्रोफोन की मदद से बोलकर सर्च किया जा सकेगा। पासवर्ड से कहीं से भी नोवा सॉफ्टवेयर एक्सेस किया जा सकेगा।





