
Uma Bharti advice to Kamal Nath : उमा भारती ने नई शराब नीति को लेकर सीएम शिवराज सिंह चौहान को अपने परामर्श भेज दिए हैं। इसी के साथ उन्होने पूर्व मुख्यमंत्री कमलनाथ को कहा है कि वो उनके और शिवराज सिंह चौहान के बीच में न आए। उमा भारती ने कहा है कि वो बीजेपी या शिवराज सरकार के खिलाफ नहीं है और शराबबंदी को लेकर उनकी बातों को कोई भी गलत अर्थ में न ले।
उमा भारती ने किया ट्वीट
नशा मुक्ति और शराबबंदी को लेकर छेड़ी मुहिम को लेकर उमा भारती पिछले कुछ समय से लगातार चर्चाओं में हैं। पहले उन्होने भोपाल के एक मंदिर में डेरा डाला, इसके बाद ओरछा में उन्होने ‘मधुशाला में गौशाला’ बनाने के लिए शराब की दुकानों पर गाय बांध दी। और अब एक बार फिर उन्होने इसी मुद्दे पर ट्वीट किया है। लेकिन इस बार उनके निशाने पर सीएम शिवराज नहीं बल्कि प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष कमलनाथ हैं। उन्होने ट्वीट करते हुए कहा है कि ‘मैंने शिवराज जी को शराब नीति पर अपने परामर्श भेज दिए हैं। कमलनाथ जी से कहूंगी कि आप भी उन्हीं को भेज दीजिए और मेरे और शिवराज जी के बीच में मत आइए। मैं भाजपा, सरकार या शिवराज जी के खिलाफ नहीं हूं उनके साथ हूं। मेरे लिए तो शराब मेरी दुश्मन है और गंगा जी मेरी इष्ट हैं।’
‘शराब है दुश्मन’
इस तरह उमा भारती ने स्पष्ट किया है कि कोई भी ये न समझें कि वो बीजेपी, प्रदेश सरकार या फिर शिवराज सिंह चौहान के खिलाफ है। हालांकि समय समय पर वो जिस तरह के बयान देती रही हैं और जिस तरह से मुखर हो कर शराबबंदी, अवैध उत्खनन या अन्य विषयों पर अपनी बात कहती हैं..कई बार वो पार्टीलाइन के विपरीत नजर आती है। इसीलिए ये कयास भी लगते रहे हैं कि उनके और सीएम शिवराज के बीच सबकुछ ठीक नहीं है। लेकिन इस बार उन्होने खुद सामने आकर ऐसी चर्चाओं पर विराम लगाने के लिए साफ साफ कह दिया है कि सिर्फ शराब उनकी दुश्मन है और उनका किसी से कोई विरोध नहीं है। हालांकि उन्होने अभी ये नहीं बताया है कि शराबनीति को लेकर मुख्यमंत्री को क्या परामर्श दिए हैं।
2. मैं भाजपा, सरकार या शिवराज जी के खिलाफ नहीं हूं उनके साथ हूं। मेरे लिए तो शराब मेरी दुश्मन है और गंगा जी मेरी इष्ट हैं।@BJP4MP @ChouhanShivraj @CMMadhyaPradesh @OfficeofSSC
— Uma Bharti (@umasribharti) February 6, 2023
पत्रकारिता में स्नातकोत्तर (M.J.), 2001. 2001 से 2013 तक ईटीवी हैदराबाद, सहारा न्यूज दिल्ली-भोपाल और लाइव इंडिया मुंबई में कार्य.

