
MP State Government : आगामी चुनाव से पहले मध्य प्रदेश की शिवराज सरकार का पूरा फोकस हर वर्ग को साधने और विकास कार्यों के साथ योजना का लाभ हर जन तक पहुंचने में लगा हुआ है। सीएम शिवराज सिंह चौहान खुद आए दिन अलग अलग जिलों में जाकर जनता को लोकलुभावन वादे से अपनी ओर आकर्षित कर रहे है। इसी कड़ी में अब राज्य सरकार चंबल अभयारण्य का इको सेंसेटिव जोन खत्म करने की तैयारी में है।
मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, रेत खनन को देखते को राज्य सरकार द्वारा डिनोटिफाई किए गए चंबल अभयारण्य का इको सेंसेटिव जोन खत्म करने की तैयारी की जा रही है। इसके लिए वन विभाग ने एक प्रस्ताव भी तैयार कर लिया है और जिसे जल्द ही केंद्र सरकार को भेजा जाएगा। यहां से मंजूरी मिलने के बाद ही रेत खनिज का टेंडर किया जा सकेगा।
केन्द्र सरकार को प्रस्ताव भेजने की तैयारी
दरअसल, डिनोटिफाई क्षेत्र चंबल अभयारण्य की सीमा से बाहर दो किमी इको सोंसेटिव जोन में आ रहा है, जिसके चलते खनन प्रतिबंधित रहता है, ऐसे में रेत का खनन नहीं हो पा रहा है, इसके चलते अब वन विभाग ने डिनोटिफाई क्षेत्र में रेत खनन करने के लिए इको सेंसेटिव जोन सीमा को खत्म करने का प्रस्ताव तैयार कर इसे मंजूर कर लिया है और अंतिम मुहर के लिए केंद्र सरकार के पास भेजने की तैयारी में है।
खनिज विभाग को भी मंजूरी का इंतजार
मीडिया रिपोर्ट्स की मानें तो खनिज साधन विभाग को भी केन्द्र की मंजूरी का इंतजार है, ताकी आगे की प्रक्रिया शुरू की जा सके। चुंकी यहां से मंजूरी मिलने के बाद रेत का खनन आसानी से किया जा सकेगा। इससे स्थानीय लोगों को रेत की उपलब्धता भी आसान होगी।बता दे कि यहां प्रचुर मात्रा में रेत का भंडार है लेकिन इको सेंसेटिव जोन होने के चलते रेत खनन में दिक्कतें आती है और ये क्षेत्र प्रतिबंंधित रहता है।
12 वर्षों से पत्रकारिता में सक्रिय, इलेक्ट्रॉनिक और डिजिटल मीडिया में.

