इन शिक्षकों के Transfer निरस्त, राज्य शासन ने जारी किये आदेश, सामने आई ये बड़ी वजह

जनजातीय कार्य विभाग को जानकारी दी गई कि 03 वर्ष की परिवीक्षा अवधि समाप्त होने के पूर्व ही कुछ जिलों में प्राथमिक शिक्षक, माध्यमिक शिक्षक एवं उच्च माध्यमिक शिक्षक का स्थानांतरण जिले में एक स्थान से दूसरे स्थान पर कर दिया गया। जिसपर एक्शन लेते हुए आयुक्त ने इसे निरस्त कर दिया है।
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मध्य प्रदेश में हाल ही हुए तबादलों के बाद उसमें गड़बड़ियों की बातें भी सामने आ रही हैं, जिसके बाद संशोधन आदेश जारी किये जा रहे हैं, प्रदेश के जनजातीय कार्य विभाग ने नियमों का बड़ा उल्लंघन सामने आने के बाद आदेश जारी करते हुए प्राथमिक शिक्षक, माध्यमिक शिक्षक और उच्च माध्यमिक शिक्षकों के तबादले निरस्त कर दिए हैं, ये वो शिक्षक हैं जिनकी परिवीक्षा अवधि (probation period) पूरी नहीं हुई थी।

दरअसल जनजातीय कार्य विभाग के संज्ञान में आया कि उसके अंतर्गत आने वाले ऐसे बहुत से शिक्षकों का ट्रांसफर जिले में ही एक जगह से दूसरी जगह कर दिया गया जबकि इन शिक्षकों ने 3 वर्ष की परिवीक्षा अवधि पूरी नहीं की थी नियमानुसार ये अनुचित है, ये सभी शिक्षक प्राथमिक शिक्षक, माध्यमिक शिक्षक एवं उच्च माध्यमिक शिक्षक के तौर पर विभिन्न विद्यालयों में पदस्थ हैं।

परिवीक्षा अवधि में किये गए Transfer निरस्त 

विभाग के संज्ञान में आने के बाद जनजातीय कार्य विभाग के आयुक्त श्रीमन शुक्ला ने एक आदेश जारी कर किये गए तबादले निरस्त कर दिए, उन्होंने सभी जिला कलेक्टरों को भेजे आदेश में कहा- विभागीय नीति के अनुसार प्राथमिक शिक्षक, माध्यमिक शिक्षक एवं उच्च माध्यमिक शिक्षक के स्थानांतरण सर्विस ज्वाइन करने की तारीख से 03 वर्ष की अवधि अर्थात् परिवीक्षा अवधि के दौरान  करने की अनुमति नहीं हैं।

शिक्षकों को कार्यमुक्त नहीं करने के निर्देश 

अतः निर्देशित किया जाता है कि उक्त प्रकार के जिला स्तर पर किए गए समस्त स्थानांतरण तत्काल प्रभाव से निरस्त करते हुए यह सुनिश्चित करें कि संबंधित शिक्षक को वर्तमान में पदस्थ संस्था से कार्यमुक्त न किया जाए।

जनजातीय कार्य विभाग का आदेश 

Atul Saxena
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पत्रकारिता में तीन दशक से अधिक का अनुभव.

पत्रकारिता मेरे लिए एक मिशन है, हालाँकि आज की पत्रकारिता ना ब्रह्माण्ड के पहले पत्रकार देवर्षि नारद वाली है और ना ही गणेश शंकर विद्यार्थी वाली, फिर भी मेरा ऐसा मानना है कि यदि खबर को सिर्फ खबर ही रहने दिया जाये तो ये ही सही अर्थों में पत्रकारिता है और मैं इसी मिशन पर पिछले तीन दशकों से ज्यादा समय से लगा हुआ हूँ.... पत्रकारिता के इस भौतिकवादी युग में मेरे जीवन में कई उतार चढ़ाव आये, बहुत सी चुनौतियों का सामना करना पड़ा लेकिन इसके बाद भी ना मैं डरा और ना ही अपने रास्ते से हटा ....पत्रकारिता मेरे जीवन का वो हिस्सा है जिसमें सच्ची और सही ख़बरें मेरी पहचान हैं .... View all posts by Atul Saxena →
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