अब घर बैठे मिलेगा इलाज, 29 से शुरू होगी “संजीवनी” टेली हैल्थ सेवा

doctor retirement age

भोपाल| लॉक डाउन (Lockdown) में घर बैठे लोग अपना इलाज करा सकेंगे| मध्यप्रदेश शासन (madhya pradesh Government) द्वारा इण्डस बैंक तथा उसकी अधीनस्थ कंपनी भारत फाइनेंशियल इंन्क्लूजन लिमिटेड के सहयोग से भोपाल (Bhopal) तथा इंदौर (Indore) में आमजन के लिये 29 अप्रैल से ‘संजीवनी टेली हैल्थ सेवा’ (‘Sanjeevani Tele Health Service) प्रारंभ ही जा रही है। कोरोना के अलावा अन्य सभी बीमारियों के लिये रोगी टोल फ्री नंबर पर कॉल कर डॉक्टर से सलाह ले सकते हैं। लक्षण के आधार पर डॉक्टर सलाह देंगे और मोबाइल पर दवा का पर्चा भेजेंगे, जिसे दिखाकर रोगी दवा खरीद सकेगा।

संजीवनी टेली हैल्प सेवा चौबीस घंटे उपलब्ध रहेगी। कोरोना के अलावा अन्य सभी बीमारियों के लिये रोगी टोल फ्री नंबर 1800-103-7378 पर फोन डॉक्टर से सलाह ले सकते हैं। इस नंबर पर कॉल कर रोगी को अपना नाम, उम्र, रोग का विवरण और वर्तमान लक्षण बताना होगा, जिसके आधार पर डॉक्टर उसे सलाह देंगे तथा उसके मोबाइल पर दवा का पर्चा भेजेंगे, जिसे दिखाकर रोगी दवा खरीद सकेगा। संजीवनी सेवा में मेडीसिन, ह्रदय रोग, शिशु रोग, स्त्रीरोग, ऑर्थोपेडिक, ई.एन.टी. आदि विशेषज्ञों की सेवायें भी उपलब्ध होंगी।

यह सेवा सामान्य बीमारियों के मरीजों को चिकित्सा सुविधा उपलब्ध कराएगी। कोविड-19 लक्षणों का उपचार इस सेवा द्वारा नहीं किया जायेगा। कोविड-19 से संबंधित जानकारी और सेवायें राज्य शासन की हेल्पलाइन 104 और 181 पर उपलब्ध रहेंगी। इण्डस बैंक द्वारा यह सुविधा कॉर्पोरेट सोशल रिस्पोंसिबिलिटी के अंतर्गत दी जा रही है। चिकित्सा सेवायें अपोलो टेलीमेडीसिन नेटवर्क, हैदराबाद के लगभग 25 चिकित्सकों द्वारा प्रदान की जायेंगी।

Gaurav Sharma
लेखक के बारे में
Gaurav Sharma

निदेशक और संपादक

पत्रकारिता पेशा नहीं ज़िम्मेदारी है और जब बात ज़िम्मेदारी की होती है तब ईमानदारी और जवाबदारी से दूरी बनाना असंभव हो जाता है। एक पत्रकार की जवाबदारी समाज के लिए उतनी ही आवश्यक होती है जितनी परिवार के लिए क्यूंकि समाज का हर वर्ग हर शख्स पत्रकार पर आंख बंद कर उस तरह ही भरोसा करता है जितना एक परिवार का सदस्य करता है। पत्रकारिता मनुष्य को समाज के हर परिवेश हर घटनाक्रम से अवगत कराती है, यह इतनी व्यापक है कि जीवन का कोई भी पक्ष इससे अछूता नहीं है। यह समाज की विकृतियों का पर्दाफाश कर उन्हे नष्ट करने में हर वर्ग की मदद करती है। इसलिए पं. कमलापति त्रिपाठी ने लिखा है कि," ज्ञान और विज्ञान, दर्शन और साहित्य, कला और कारीगरी, राजनीति और अर्थनीति, समाजशास्त्र और इतिहास, संघर्ष तथा क्रांति, उत्थान और पतन, निर्माण और विनाश, प्रगति और दुर्गति के छोटे-बड़े प्रवाहों को प्रतिबिंबित करने में पत्रकारिता के समान दूसरा कौन सफल हो सकता है। View all posts by Gaurav Sharma →
Follow Us :GoogleNews