मध्य प्रदेश: पुलिस भर्ती बोर्ड का गठन करने की तैयारी, जल्द कैबिनेट में आ सकता है प्रस्ताव

मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव की घोषणा के बाद अब उत्तर प्रदेश की तर्ज पर जल्द ही ‘मध्य प्रदेश पुलिस भर्ती बोर्ड’ का गठन किया जाएगा। इसके अलावा 10 हजार से ज्यादा पदों पर भर्ती प्रक्रिया भी शीघ्र शुरु होने की उम्मीद है।
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मध्य प्रदेश के युवाओं के लिए अच्छी खबर है। ‘वर्दी’ वाली सभी भर्तियों (डीएसपी से नीचे के सभी पद) को रफ्तार देने के लिए जल्द एक पुलिस भर्ती बोर्ड का गठन किया जाएगा। मुख्यमत्री मोहन यादव की स्वीकृति मिलने के बाद इसको लेकर गृह विभाग ने तैयारियां शुरू कर दी है। संभावना है कि जुलाई  महीने में होने वाली कैबिनेट बैठक में इस प्रस्ताव को लाया जा सकता है।

इसके साथ ही मुख्यमंत्री के निर्देश के बाद पुलिस आरक्षक के 7500 सहित कुल 10 हजार पदों पर भर्ती की प्रक्रिया भी जल्द शुरू की जाएगी। दरअसल, उत्तर प्रदेश की तर्ज पर मोहन सरकार अब प्रदेश में पुलिस भर्ती बोर्ड बनाने जा रही है। मुख्यमंत्री मोहन यादव की घोषणा पर अमल करते हुए गृह विभाग ने एक खाका तैयार करना शुरू कर दिया है, जिसे जल्द  कैबिनेट बैठक में मंज़ूरी के लिए पेश किए जाने की उम्मीद है।

खबर है कि गृह विभाग ने बोर्ड के कामकाज के लिए 200 पदों की मांग की थी, लेकिन वित्त विभाग ने अभी केवल 95 पदों को मंज़ूरी दी है। इन स्वीकृत पदों के साथ बोर्ड का प्रशासनिक ढांचा जल्द ही तैयार कर लिया जाएगा। इसके बाद कैबिनेट की मंजूरी मिलने पर नया भर्ती बोर्ड बनाने की प्रक्रिया आगे बढ़ेगी।

​अभी पुलिस आरक्षक (कांस्टेबल) और सब इंस्पेक्टर (SI) जैसी भर्तियों का जिम्मा कर्मचारी चयन मंडल (ESB) के पास है, जिससे प्रक्रिया में काफी समय लगता था, ऐसे में अब सरकार नया पुलिस भर्ती बोर्ड बनाने की तैयारी में है। इससे न केवल पुलिस, बल्कि जेल प्रहरी, फॉरेस्ट गार्ड, आबकारी, ट्रांसपोर्ट जैसे सभी वर्दीधारी विभागों की नियुक्तियां इसी बोर्ड के माध्यम से की जाएंगी। यानि कर्मचारी चयन मंडल (ESB) की जगह नया पुलिस भर्ती बोर्ड भर्ती प्रक्रिया का संचालन करेगा। इस नए बोर्ड के गठन के बाद प्रदेश की कानून-व्यवस्था और सरकारी नौकरियों की चयन प्रक्रिया में कई बड़े बदलाव देखने को मिलेंगे।

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12 वर्षों से पत्रकारिता में सक्रिय, इलेक्ट्रॉनिक और डिजिटल मीडिया में.

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