विधानसभा परिसर में प्रदर्शन नारेबाजी पर रोक, कांग्रेस के विरोध पर रामेश्वर शर्मा का पलटवार, कह दी बड़ी बात

इस आदेश पर नेता प्रतिपक्ष उमंग सिंघार ने कहा है - विपक्ष लगातार विधानसभा अध्यक्ष से सदन की कार्यवाही को लाइव करने की मांग कर रहा है। इसके उलट, विधानसभा अध्यक्ष सरकार के दबाव में अब विधायकों को जनता के मुद्दे उठाने से भी रोक रहे हैं।
BJP MLA Rameshwar Sharma

मध्य प्रदेश विधानसभा परिसर में अब विधायक नारेबाजी और प्रदर्शन नहीं कर सकेंगे, इस आशय का आदेश विधानसभा के प्रमुख सचिव एपी सिंह के हस्ताक्षर से जारी हुआ है, इस पत्र एक जारी होने के बाद कांग्रेस इसे तुगलकी फरमान बता रही, विरोध करते हुए कांग्रेस का कहना है कि जनता की आवाज़ उठाना हमारा कर्तव्य है, लेकिन भाजपा उसे कुचलना चाहती है हम ये नहीं होने देंगे। कांग्रेस के विरोध का भाजपा विधायक रामेश्वर शर्मा ने जवाब दिया है।

विधानसभा सचिवालय से जारी पत्र में विधानसभा अध्यक्ष के स्थाई आदेश (94-2 )का हवाला देते हुए लिखा गया है कि सदस्यों द्वारा विधानसभा परिसर में नारेबाजी और प्रदर्शन करना निषिद्ध किया गया है साथ ही सत्र के दौरान विधानसभा भवन में किसी गैर अथवा बिना प्रवेशपत्र धारी व्यक्ति को अपने साथ वाहन में बैठाकर अथवा पैदल विधानसभा परिसर में एवं सदन की लॉबी में प्रवेश से मना किया है।

इस आदेश के बाद से सियासत गरमा गई है, सुविधा और सुरक्षा के लिहाज से लिए गए इन सब फैसलों पर कांग्रेस आपत्ति जता रही है वो इसे जनता की आवाज को दबाने का आदेश बता रही है, भाजपा विधायक रामेश्वर शर्मा ने कांग्रेस की आपत्ति और विरोध पर पलटवार किया है।

नारेबाजी करोगे तो संविधान कौन पढ़ेगा?

रामेश्वर शर्मा ने तंज कसते हुए कहा कि मुझे लगता है अब कांग्रेस समझदार हो गई है वो बाबा साहब का संविधान लेकर सड़क पर घूम रही है इसलिए यदि नारेबाजी करोगे तो संविधान कौन पढ़ेगा?अब आप संविधान की धाराओं के तहत चर्चा कीजिये नारेबाजी मत करिए , जो चर्चा होगी वो रिकॉर्ड में आयेगी पता चलेगा कौन सही कौन गलत।

मल्लयुद्ध करना है तो कई मैदान पड़े हैं 

भाजपा विधायक ने कहा सरकार हर बात का जवाब देने के लिए तैयार है लेकिन आप यदि हो हल्ला करें ..शोर करें इसके लिए विधानसभा नहीं है, जनता के लाखों रुपये खर्च होते हैं , बिन्दुवार चर्चा करो नहीं समझ में आये तो वरिष्ठ सदस्यों से पूछो लेकिन बिना बात के आसंदी के सामने कूद जाओ बाहर जाकर नारेबाजी करो इस मल्लयुद्ध के लिए विधानसभा नहीं है और यदि मल्लयुद्ध करना है तो कई मैदान पड़े है वहां करो।

[dgv_vimeo_video id=”1104708843″]

Atul Saxena
लेखक के बारे में
Atul Saxena

पत्रकारिता में तीन दशक से अधिक का अनुभव.

पत्रकारिता मेरे लिए एक मिशन है, हालाँकि आज की पत्रकारिता ना ब्रह्माण्ड के पहले पत्रकार देवर्षि नारद वाली है और ना ही गणेश शंकर विद्यार्थी वाली, फिर भी मेरा ऐसा मानना है कि यदि खबर को सिर्फ खबर ही रहने दिया जाये तो ये ही सही अर्थों में पत्रकारिता है और मैं इसी मिशन पर पिछले तीन दशकों से ज्यादा समय से लगा हुआ हूँ.... पत्रकारिता के इस भौतिकवादी युग में मेरे जीवन में कई उतार चढ़ाव आये, बहुत सी चुनौतियों का सामना करना पड़ा लेकिन इसके बाद भी ना मैं डरा और ना ही अपने रास्ते से हटा ....पत्रकारिता मेरे जीवन का वो हिस्सा है जिसमें सच्ची और सही ख़बरें मेरी पहचान हैं .... View all posts by Atul Saxena →
Follow Us :GoogleNews