मध्यप्रदेश में आज से विशेष अभियान, सरकारी कार्यालयों में स्वच्छता को संस्थागत रूप देने और लंबित प्रकरणों के निराकरण के लिए 31 अक्टूबर तक चलेगा कैंपेन

केंद्र सरकार के प्रशासनिक सुधार एवं लोक शिकायत विभाग के दिशानिर्देशों के तहत यह अभियान ‘स्पेशल कैंपेन 5.0’ के रूप में संचालित होगा। अभियान की मॉनिटरिंग के लिए लोक सेवा प्रबंधन विभाग को नोडल विभाग नियुक्त किया गया है। इस अभियान का मुख्य उद्देश्य सरकारी दफ्तरों में लंबित फाइलों, प्रकरणों और अपीलों का पारदर्शी और त्वरित निपटारा करना है।
Special Campaign

Special Campaign Government Office

मध्यप्रदेश में आज से सरकारी कार्यालयों में स्वच्छता को संस्थागत रूप देने और लंबित प्रकरणों के त्वरित निराकरण के लिए विशेष अभियान शुरू किया गया है। यह अभियान 2 अक्टूबर गांधी जयंती से 31 अक्टूबर तक चलेगा। अभियान के तहत केंद्र सरकार स्तर पर लंबित महत्वपूर्ण प्रकरणों के निराकरण के लिए विशेष प्रयास किए जाएंगे। इसके साथ ही राजस्व प्रकरणों, यातायात, सड़क सुरक्षा और सायबर अपराध से संबंधित जागरूकता बढ़ाने के लिए विशेष अभियान चलाए जाएंगे। सोशल मीडिया के दुष्प्रभावों के प्रति बच्चों को जागरूक करने के लिए भी कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे।

केंद्र सरकार के प्रशासनिक सुधार एवं लोक शिकायत विभाग के दिशानिर्देशों के तहत यह अभियान ‘स्पेशल कैम्पेन 5.0 के रूप में संचालित होगा। अभियान की मॉनिटरिंग के लिए लोक सेवा प्रबंधन विभाग को नोडल विभाग नियुक्त किया गया है। अभियान का मूल्यांकन 1 नवंबर किया जाएगा और उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले कार्यालयों को प्रशस्ति-पत्र प्रदान किए जाएंगे।

अभियान का उद्देश्य

इस अभियान का मुख्य उद्देश्य सरकारी कार्यालयों में लंबित प्रकरणों, फाइलों और अपीलों का पारदर्शी और त्वरित निपटारा करना है। साथ ही, कार्यालयों में स्वच्छता, कचरे का उचित निस्तारण और ई-कचरे के वैज्ञानिक प्रबंधन को बढ़ावा देना है। अभियान के माध्यम से अधिकारी-कर्मचारियों में सेवा भाव और जवाबदेही को सुदृढ़ करने का लक्ष्य रखा गया है, ताकि सरकारी योजनाओं का लाभ अधिक से अधिक लोगों तक पारदर्शी और सुगम तरीके से पहुंच सके। इसके अतिरिक्त, स्वच्छता और ई-कचरे के प्रबंधन से स्वच्छ और हरित शासन व्यवस्था को बढ़ावा मिलेगा।

अभियान की प्रमुख गतिविधियां

  • सीएम हेल्पलाइन शिकायतों का निराकरण: लंबित शिकायतों को प्राथमिकता के आधार पर हल किया जाएगा
  • कार्यालय परिसरों की स्वच्छता: अनावश्यक वस्तुओं का निस्तारण और कार्यालय परिसरों की सफाई।
  • पुराने रिकार्ड का डिजिटलीकरण: शासन के निर्देशों के अनुसार पुराने रिकार्ड का डिजिटलीकरण और विनिष्टिकरण।
  • लंबित प्रकरणों का निपटारा: विधानसभा प्रश्न, आश्वासन, शून्य काल, लोक लेखा समिति प्रकरण, मुख्यमंत्री मॉनिट और मुख्य सचिव मॉनिट से संबंधित मामलों का त्वरित निराकरण।
  • ई-कचरा प्रबंधन: मध्यप्रदेश राज्य इलेक्ट्रॉनिक विकास निगम के माध्यम से ई-कचरे का वैज्ञानिक निस्तारण।
  • जनसुविधा में सुधार: कार्यालयों में स्वच्छ वातावरण, वेटिंग एरिया, पीने के पानी की सुविधा और अन्य व्यवस्थाओं को सुदृढ़ करना।
Shruty Kushwaha
लेखक के बारे में
Shruty Kushwaha

पत्रकारिता में स्नातकोत्तर (M.J.), 2001. 2001 से 2013 तक ईटीवी हैदराबाद, सहारा न्यूज दिल्ली-भोपाल और लाइव इंडिया मुंबई में कार्य.

2001 में माखनलाल चतुर्वेदी राष्ट्रीय पत्रकारिता विश्वविद्यालय भोपाल से पत्रकारिता में स्नातकोत्तर (M.J, Masters of Journalism)। 2001 से 2013 तक ईटीवी हैदराबाद, सहारा न्यूज दिल्ली-भोपाल, लाइव इंडिया मुंबई में कार्य अनुभव। साहित्य पठन-पाठन में विशेष रूचि। View all posts by Shruty Kushwaha →
Follow Us :GoogleNews