Transfer : राज्य शासन ने जेल अधीक्षकों के तबादले किये, पदस्थापना आदेश जारी, यहाँ देखें लिस्ट

मध्य प्रदेश शासन के जेल विभाग ने 9 अधिकारियों के तबादला आदेश जारी किये हैं, इनमें केंद्रीय जेल और जिला जेल में पदस्थ अधीक्षक शामिल हैं जिन्हें एक जगह से दूसरी जगह भेजा गया है ।
Transfer 2026

Transfer : मध्य प्रदेश शासन जेल विभाग ने प्रदेश की केंद्रीय जेल और जिला जेलों में पदस्थ अधीक्षकों के प्रभार में बदलाव किया है और उन्हें एक जगह से दूसरी जगह पदस्थ किया है, अलग अलग आदेशों में कुल 11 जेल अधिकारियों का ट्रांसफर  किया गया है।

जेल विभाग के तबादला आदेश में जिन अधिकारियों का नाम हैं उनमें से 2 अधिकारियों को स्वैच्छिक आधार पर ट्रांसफर किया गया है और 9 अधिकारियों का तबादला प्रशासकीय आधार पर किया गया है।

इन जेल अधिकारियों की पदस्थापना में बदलाव 

  • प्रभारी अधीक्षक सेन्ट्रल जेल सागर मानवेन्द्र सिंह परिहार को प्रभारी अधीक्षक सेन्ट्रल जेल पदस्थ किया है।
  • अधीक्षक जिला जेल खंडवा अदिति चतुर्वेदी पांडे को प्रभारी अधीक्षक केंद्रीय जेल नरसिंहपुर पदस्थ किया है।
  • दिनेश नरगावे को जेल मुख्यालय भोपाल से केंद्रीय जेल इंदौर का अधीक्षक बनाकर भेजा गया है।
  • अधीक्षक केंद्रीय जेल इंदौर अलका सोनकर को जेल मुख्यालय भोपाल भेजा गया है।
  • विदित सरवैया प्रभारी अधीक्षक सेन्ट्रल जेल ग्वालियर को प्रभारी अधीक्षक सर्किल जेल शिवपुरी पदस्थ किया गया है।
  • राकेश भांगरे प्रभारी अधीक्षक केंद्रीय जेल भोपाल को प्रभारी अधीक्षक केंद्रीय जेल ग्वालियर पदस्थ किया गया है।
  • प्रभारी अधीक्षक सर्किल जेल शिवपुरी रमेशचन्द्र आर्य को प्रभारी अधीक्षक केंद्रीय जेल सागर भेजा गया है।
  • देवेन्द्र कुमार सारस कार्यवाहक अधीक्षक जिला जेल उमरिया को जिला जेल खंडवा भेजा गया है।
  • उप जेल अधीक्षक यशवंत मांझी को जिला जेल नीमच से हटाकर प्रभारी अधीक्षक जिला जेल मंदसौर पदस्थ किया है।
  • उप जेल अधीक्षक दिलीप सिंह जिला जेल छतरपुर को प्रभारी अधीक्षक जिला जेल हरदा भेजा गया है।
  • उप जेल अधीक्षक योगेन्द्र पमार को केंद्रीय जेल रीवा से जिला जेल छतरपुर पदस्थ किया गया है।  

जेल विभाग का तबादला आदेश 

Atul Saxena
लेखक के बारे में
Atul Saxena

पत्रकारिता में तीन दशक से अधिक का अनुभव.

पत्रकारिता मेरे लिए एक मिशन है, हालाँकि आज की पत्रकारिता ना ब्रह्माण्ड के पहले पत्रकार देवर्षि नारद वाली है और ना ही गणेश शंकर विद्यार्थी वाली, फिर भी मेरा ऐसा मानना है कि यदि खबर को सिर्फ खबर ही रहने दिया जाये तो ये ही सही अर्थों में पत्रकारिता है और मैं इसी मिशन पर पिछले तीन दशकों से ज्यादा समय से लगा हुआ हूँ.... पत्रकारिता के इस भौतिकवादी युग में मेरे जीवन में कई उतार चढ़ाव आये, बहुत सी चुनौतियों का सामना करना पड़ा लेकिन इसके बाद भी ना मैं डरा और ना ही अपने रास्ते से हटा ....पत्रकारिता मेरे जीवन का वो हिस्सा है जिसमें सच्ची और सही ख़बरें मेरी पहचान हैं .... View all posts by Atul Saxena →
Follow Us :GoogleNews